परदे के पीछे के हीरो हैं पपनेजा और अरोड़ा

Panchkula Updated Sun, 07 Oct 2012 12:00 PM IST
पंचकूला। रामलीला को सफलतापूर्वक चलाने के लिए जितनी कलाकारों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है, उतनी ही मैनेजमेंट कमेटी के सदस्यों की। अतिथियों को बुलाना। फंड इकट्ठा करना। प्रशासन से सहयोग लेना। सुरक्षा व्यवस्था और अन्य मुद्दों को देखना। यह काम पढ़ने में तो आसान हैं, लेकिन प्रैक्टिकली इनकी जिम्मेदारी उठाना काफी मुश्किल होता है। आदर्श क्लब के अध्यक्ष मुंशी राम अरोड़ा और उपाध्यक्ष सुभाष पपनेजा ऐसे ही दो स्तंभ है, जो परदे के पीछे रहकर ऐसी जिम्मेदारियों को उठाते हैं। मुश्किल से मुश्किल वक्त आए लेकिन वे डटकर खड़े होकर अपनी टीम का पूरा सपोर्ट करते हैं। मुंशी राम अरोड़ा साल 1985 से क्लब से जुड़े हैं। सबसे वरिष्ठ होने के कारण सभी कलाकार और सदस्य उनका दिल से आदर करते हैं। व्यस्त होने के बावजूद क्लब को पूरा समय देते हैं। एक बार तो वे रामलीला के दौरान चाइना में थे। चाइना से फोन पर सबकुछ मैनेज करते रहे। हर किसी को वे फोन पर पर्सनली बात करते और जिम्मेदारी सौंपते। उन्होंने कहा कि वे बचपन में दोस्तों के साथ मिलकर खूब रोल करते थे। वही प्रेम उन्हें क्लब से जोड़े रखा। उन्होंने वे अपनी जीवन में इतने व्यस्त रहे कि ईश्वर को करीब से जान नहीं पाए, लेकिन क्लब से जुड़ने के बाद न केवल उनकी भगवान से मुलाकात हुई बल्कि वे धर्म के जानकार भी बन गए।
क्लब परिवार जैसा है : पपनेजा
सामाजिक कार्यों में आगे रहने वाले व आदर्श क्लब के उपाध्यक्ष सुभाष पपनेजा के लिए क्लब एक परिवार जैसा है। उनके भाई स्व. कृष्ण लाल पपनेजा पूरी तरह से क्लब के लिए समर्पित रहे। वे भी अपने भाई की तरह क्लब से तन, मन और धन से जुड़े हैं। रात हो या दिन। बरसात हो या फिर कड़ी धूप। रामलीला के कामों के लिए वे हर वक्त तैयार रहते हैं। सीनियर सिटीजन हैं, लेकिन उनकी फुर्ती और आवाज किसी भी युवा से कम नहीं। वे बताते हैं कि साल 1971 से वे रामलीला के कार्यों से जुड़ गए थे। मनीमाजरा में उन्होंने छह साल तक लक्ष्मण का रोल किया। साल 1982 में आदर्श क्लब से जुड़े। यहां उन्होंने कोई रोल नहीं किया, लेकिन परदे के पीछे पूरी तरह से सक्रिय रहे। फाइनेंस से लेकर स्टेज सेक्रेटरी तक भरपूर जिम्मेदारी उठाई।

Spotlight

Most Read

Pratapgarh

अभी तक एक भी अपात्र से नहीं हुई रिकवरी

अभी तक एक भी अपात्र से नहीं हुई रिकवरी

20 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: हरियाणा में प्यार करने की सजा देख रूह कांप उठेगी

हरियाणा के मेवात से एक वीडियो सामने आया है जिसमें एक युवक को भरी पंचायत में जूतों से पीटा जा रहा है। युवक का जुर्म दूसरे गांव की लड़की से प्यार करना बताया जा रहा है। पंचायत ने युवक पर 80 हजार रुपये का दंड और पांच जूतों का फरमान सुना था।

18 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper