सबसे पुरानी, सबसे आधुनिक रामलीला

Panchkula Updated Wed, 03 Oct 2012 12:00 PM IST
पंचकूला। शहर में रामलीला की संस्कृति लाने का श्रेय आदर्श रामलीला एवं ड्रामाटिक क्लब को जाता है। साल 1981 में स्व. कृष्ण लाल पपनेजा, पवन शर्मा, अशोक वर्मा और रमेश चड्ढा ने मिलकर क्लब की स्थापना कर रामलीला का आगाज किया। रामलीला के सफर को अब तक 31 वर्ष बीत गए हैं। 32वें साल में परपंरा के रंग पर फेसबुक की आधुनिकता भी जुड़ गई है। क्लब के सदस्य रामलीला से जुड़ी सभी अपडेट फेसबुक पर अपलोड कर रहे हैं। अब तक के सफर में कई उतार-चढ़ाव आए। कोई साथ छोड़ गया तो किसी ने नाता तोड़ लिया, लेकिन क्लब के आदर्शों और हौसलों पर कोई फर्क नहीं पड़ा। कृष्ण लाल पपनेजा के जुनून और जुझारूपन की छाया आज भी कलाकारों में दिखती हैं। उनकी कमी खलती है। याद भी आते हैं, लेकिन किसी कलाकार ने कभी उनकी आत्मा को पीड़ित नहीं होने दिया। छोटे से लेकर बड़े कलाकार बड़ी ही सादगी और प्रेम से रामलीला का मंचन करते हैं, जिसे देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं।
क्लब से जुड़े पवन शर्मा साल 1981 से राम की भूमिका निभाते आ रहे हैं। अब वे क्लब में निर्देशक की भूमिका में हैं। साथ ही सभी कलाकारों को अपने अनुभव का खजाना बांटते हैं। रिहर्सल की कमान इन्हीं के हाथ मेें है। कई वर्ष तक लक्ष्मण का रोल निभाने वाले अशोक वर्मा और प्रधान रमेश चड्ढा की मेहनत और लगन का नतीजा है कि उनके कलाकारों की फौज बढ़ती जा रही है। क्लब के साथ करीब 30 कलाकार और 12 मैनेजिंग कमेटी के सदस्य जुड़े हैं। खासियत है कि कोई भी कलाकार मेहताना नहीं लेता है। पहले यह रामलीला का खर्चा करीब 18 हजार रुपये आता था, लेकिन अब कम से कम 14 लाख रुपये खर्च होने की संभावना है।
क्लब की ओर से रामलीला का मंचन परेड मैदान में 14 अक्तूबर से शुरू होगा। सभी कलाकार सेक्टर दस स्थित सनातन धर्म मंदिर में रिहर्सल कर रहे हैं। क्लब को मुंशी राम अरोड़ा व सुभाष पपनेजा का भी आशीर्वाद प्राप्त है। क्लब से जुड़े विजय सक्सेना व उनके बेटे रॉबिन सक्सेना मेकअप का काम करते हैं।
रामलीला का मंचन करने बाद ली थी विदा
क्लब के संस्थापक सदस्य स्व. कृष्ण लाल पपनेजा का रामलीला से बेहद लगाव था। चाहे जितना स्वास्थ्य खराब हो, लेकिन वह रामलीला का मंचन जरूर करते थे। साल 2000 में बीमारी से ग्रसित थे, इसके बावजूद केवट का रोल निभाया और घर पहुंचते ही अपनों से विदा ले ली। वैसे तो वे हर रोल बखूभी निभाते थे, लेकिन रावण के पात्र को वे साक्षात रामलीला के स्टेज पर उतार देते थे। रामलीला में तो वे रावण का पात्र निभाते थे, लेकिन असल जिंदगी में राम की भूमिका में थे। उनके साथी कलाकार उनसे इतना प्रेम करते हैं कि उनकी याद में हर साल बेहतर परफार्मेंस देने वाले एक कलाकार को ट्राफी दी जाती है।

Spotlight

Most Read

Lucknow

यूपी में नौकरियों का रास्ता खुला, अधीनस्‍थ सेवा चयन आयोग का हुआ गठन

सीएम योगी की मंजूरी के बाद सोमवार को मुख्यसचिव राजीव कुमार ने अधीनस्‍थ सेवा चयन बोर्ड का गठन कर दिया।

22 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: हरियाणा में प्यार करने की सजा देख रूह कांप उठेगी

हरियाणा के मेवात से एक वीडियो सामने आया है जिसमें एक युवक को भरी पंचायत में जूतों से पीटा जा रहा है। युवक का जुर्म दूसरे गांव की लड़की से प्यार करना बताया जा रहा है। पंचायत ने युवक पर 80 हजार रुपये का दंड और पांच जूतों का फरमान सुना था।

18 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper