शिक्षा विभाग ने आवेदन लेने से किया इंकार

Panchkula Updated Wed, 26 Sep 2012 12:00 PM IST
मोरनी। खंड के लिए प्राथमिक शिक्षक कोर्स डीएड में प्रवेश के लिए आरक्षित 50 सीटाें में शिक्षा विभाग के छह महीने से कम समय तक के रिहायशी प्रमाण पत्र दोबारा बनवाने के फरमान से सैकड़ों युवक-युवतियां असमंजस में हैं। शिक्षा विभाग ने रिहायशी प्रमाण पत्र लेटेस्ट बनवाने की शर्त जोड़ कर आवेदन लेने से मना कर दिया। वहीं, सरकार के वर्ष 2004 के नोटिफिकेशन के अनुसार रिहायशी प्रमाणपत्र की आजीवन वैधता है। याद रहे डीएड में प्रवेश के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 26 सितंबर है। वहीं, नए रिहायशी प्रमाण पत्र बनवाने वालों की संख्या 100 से भी ऊपर है। खंड के सैकड़ों युवा जिला शिक्षा विभाग के मोरनी स्थित अध्यापक प्रशिक्षण संस्थान द्वारा नवीनतम रिहायश प्रमाणपत्र की शर्त लगाने से परेशान हैं, जबकि हरियाणा सरकार नेवर्ष 2003-04 में पत्र क्रमांक 22/28/2003/-जीएस-111 दिनांक 30-01-2004 में नोटिफकेशन जारी करते हुए पूरे हरियाणा प्रदेश में रिहायशी प्रमाण पत्र को आजीवन वैध है। शिक्षा विभाग ने नए रिहायशी प्रमाण पत्र बनाने क ा विज्ञापन भी समाचार पत्रों में प्रकाशित किया है।
मंगलवार को आवेदन लेने से इंकार करने पर आवेदक और उनके अभिभावक मोरनी खंड शिक्षा अधिकारी उर्मिल रोहिला के पास पहुंचे। खंड शिक्षा अधिकारी ने नायब तहसीलदार रूपिन्दर रूबी से भी बातचीत की। नायब तहसीलदार ने उन्हें सरकार का नोटिफकेशन दिखाया, जिसमें वर्ष 2003-04 में जारी नई नाटिफिकेशन के अनुसार सभी रिहायशी प्रमाणपत्र आजीवन वैध हैं। नायब तहसीलदार ने कहा कि जिनके पहले रिहायशी प्रमाण पत्र बने हैं, उन्हें दोबारा बनवाने की कोई आवश्यकता नहीं है। उधर, बाद दोपहर बाद मोरनी अध्यापक प्रशिक्षण संस्थान क ी प्रधानाचार्य अनिता चौधरी ने एक नई शर्त के साथ फार्म लेने शुरू कर दिए कि आवेदन इस इस शर्त पर रद हो जाता है, तो आवेदकों को कोई एतराज नहीं होगा।

Spotlight

Most Read

Bareilly

बच्चो! 100 रुपये में स्वेटर खा लो

नकारा सिस्टम सरकारी योजनाओं को तो पलीता लगाता ही है, उसे गरीब बच्चों से भी कोई हमदर्दी नहीं है। सर्दी में बच्चों को स्वेटर बांटने की व्यवस्था ही देख लीजिए..

20 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: हरियाणा में प्यार करने की सजा देख रूह कांप उठेगी

हरियाणा के मेवात से एक वीडियो सामने आया है जिसमें एक युवक को भरी पंचायत में जूतों से पीटा जा रहा है। युवक का जुर्म दूसरे गांव की लड़की से प्यार करना बताया जा रहा है। पंचायत ने युवक पर 80 हजार रुपये का दंड और पांच जूतों का फरमान सुना था।

18 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper