फ्रांसीसियों को भा गया कैथल में सरस मेला

Karnal Updated Tue, 06 Nov 2012 12:00 PM IST
कैथल। फ्रांस से शिल्पकारों के एक दल ने सोमवार को जाट स्कूल परिसर में चल रहे सरस मेले का भ्रमण किया। मेले के आयोजन के उद्देश्य, इसके आयोजन के लिए किए गए प्रबंधों को देखकर फ्रांसीसी दल हैरान रह गए तथा सरकार के इन प्रयासों की खूब सराहना की। शिल्पकारों का यह दल पेरिस से जीनत बर्तों के नेतृत्व में भारत पहुंचा है। जो कैथल में सरस मेला लगा होने की सूचना पाकर यहां आया। मेले में पहुंचने पर सोमवार सांय तीनों महिलाओं ने पूरे मेले का भ्रमण किया। जिसमें विशेष रूप से मिट्टी के बर्तन बनाना सीख रही महिलाओं ने मिट्टी के बर्तन वाले स्टॉल पर जाकर उनके बारे में जानकारी हासिल की। जीनत बर्तो ने बातचीत में बताया कि भारत सरकार के गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन कर रहे परिवारों के उत्थान के लिए इस तरह के मेले एवं स्वयं सहायता समूह बनाकर उन्हें ऋण देकर प्रोत्साहित करना सराहनीय ही नहीं, प्रेरणादायक है। इसके अलावा इस तरह के आयोजन को लेकर भी प्रशंसा किए बिना नहीं रह सकती। उन्होंने सभी प्रबंधों की सराहना की तथा कहा कि रात्रि में इतने लोग सांस्कृतिक कार्यक्रम का लुत्फ उठा रहे हैं, यह एक अनूठा अनुभव है।
संभव की प्रदर्शनी कैथल का छोटा म्यूजियम-बर्तों ने बताया कि फ्रांस में छोटे से बड़े शहर के बारे में जानकारी देने के लिए म्यूजियम बनाए गए हैं। जहां पूरी जानकारी मिलती है। मेले में संभव द्वारा कैथल को लेकर आयोजित की गई प्रदर्शनी भी एक तरह से कैथल का छोटा म्यूजियम है। जिससे लोगों को काफी जानकारियां मिल रही है। यह सराहनीय है। संभव के निदेशक कुमार मुकेश एवं उनकी टीम को इसके लिए बधाई। उधर कुमार मुकेश ने फ्रांस से आए दल का स्वागत किया तथा उन्हें पूरे मेले के बारे में जानकारी भी दी।

Spotlight

Most Read

Bihar

चारा घोटाला: लालू और जगन्नाथ मिश्रा को 5 साल की सजा, कोर्ट ने 5 लाख का लगाया जुर्माना

पूर्व रेल मंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के खिलाफ सीबीआई की विशेष अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है।

24 जनवरी 2018

Related Videos

हरियाणा में इस नौकरी के लिए उमड़ा बेरोजगारों का हुजूम

हरियाणा में बेरोजगारी का क्या आलम है, ये देखने को मिला करनाल में। दरअसल मंगलवार को करनाल में ईएसआई हेल्थ केयर में चपरासी के 70 पदों के लिए प्रदेश भर से हजारों युवाओं की भीड़ उमड़ पड़ी।

17 जनवरी 2018