पहली बार सरकारी स्कूल हुए नौ बजे के

Faridabad Updated Wed, 05 Dec 2012 05:30 AM IST
फरीदाबाद। ठंड को देखते हुए सरकारी आदेश पर सरकारी स्कूलों का समय बदलकर नौ बजे हो गया है। इन आदेशों से सरकारी स्कूलों के बच्चों को राहत मिली है। लेकिन इन आदेशों को निजी स्कूलों ने एक बार फिर ठेंगा दिखा दिया है। निजी स्कूलों का कहना है कि उनके स्कूलों का समय नौ बजे कभी नहीं रहा। बल्कि हमेशा की तरह इस बार भी एक अक्तूबर से ही स्कूलों का समय आधा घंटा बढ़ाया जा चुका है। अर्थात जो स्कूल 7.30 बजे के थे, उनका आठ बजे और जो आठ बजे के थे उन्हें 8.30 बजे का किया जा चुका है।
औद्योगिक नगरी में ऐसा पहली बार हो रहा है कि सर्दी की दस्तक के साथ ही स्कूल खोलने के समय में परिवर्तन कर नौ बजे कर दिया गया है। शहर के प्रत्येक सरकारी स्कूल को खोलने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी व जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी ने सुबह नौ बजे की समय सीमा तय कर दी है। जिसके आदेश की प्रतिलिपि सभी स्कूलों के पास भेज दी गई है। पहले कभी भी स्कूलों का समय नौ बजे नहीं रहा है। सर्दी की दस्तक ने इस बार पहले से ही सरकार के कान खड़े कर दिए हैं। इसको लेकर शिक्षा मंत्री गीता भुक्कल ने शिक्षा निदेशालय को पहले से ही स्कूल खोलने के समय में परिवर्तन करने के आदेश जारी कर दिए थे। लेकिन अभी भी जिला शिक्षा अधिकारी सरकार के इस आदेश को पूरी तरह से निजी स्कूलों पर लागू कराने में असमर्थ हैं।

इन सरकारी स्कूलों का नहीं बदला समय
सरकारी स्कूल सराय ख्वाजा, सारन, ओल्ड फरीदाबाद गर्ल्स और बल्लभगढ़ गर्ल्स का समय नौ बजे नहीं किया गया है। दरअसल इन स्कूलों में दो शिफ्ट में संचालन होता है। वर्तमान में पहली शिफ्ट 8 बजे से 12.30 और दूसरी 1.00 बजे से 5.00 तक चलती है। अगर इन स्कूलों का समय भी नौ बजे कर दिया जाता है तो दूसरी शिफ्ट का संचालन मुश्किल हो जाएगा।

निदेशक की ओर से आदेश जारी हुए है। जिसके पालन के लिए स्कूलों को सूचित कर दिया गया है। अब सभी स्कूल सुबह नौ बजे से खोले जाएंगे। अगर आदेश का किसी भी स्कूल प्रशासन ने पालन नहीं किया तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। -दिनेश शास्त्री, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी

सभी निजी स्कूलों ने अपनी सुविधा के अनुसार सुबह आठ से साढ़े आठ बजे का स्कूल खोलने का समय कर दिया है। शिक्षा मंत्री की ओर से जारी किया गया आदेश केवल सरकारी स्कूलों के लिए है। इस आदेश में निजी स्कूल नहीं आते हैं। -आरके शर्मा, आइडियल प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन

सरकार की ओर से पहली बार समझदारी का कार्य किया गया है। वरना सर्दी में जब बच्चों की दिक्कतें शुुरू हो जाती हैं और अभिभावकों की ओर से शिक्षा विभाग के कार्यालय व डीसी कार्यालय पर हल्ला मचाया जाता है। उसके कई दिन बाद सरकारी नींद टूटती है और तब जाकर स्कूल खोलने के समय में परिवर्तन किया जाता है। -कैलाश शर्मा, प्रदेश महासचिव, अभिभावक एकता मंच

सर्दी के बढ़ने से सबसे अधिक दिक्कत एक से पांचवीं कक्षा के विद्यार्थियों को होती है। ऐेसे में समय से पहले चेत कर सरकार ने जो निर्णय लिया है। वह सराहनीय है। देर से स्कूल खुलने से विद्यार्थी, शिक्षक, स्कूल प्रशासन व अभिभावक सभी को राहत मिलेगी। -चतर सिंह, जिला अध्यक्ष, हरियाणा राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ

Spotlight

Most Read

Kotdwar

भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम ने डाला कण्वाश्रम में डेरा

भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की टीम ने डाला कण्वाश्रम में डेरा

19 जनवरी 2018

Related Videos

हरियाणा के उद्योग मंत्री ने प्रधानमंत्री राहत कोष के लिए इस तरह जुटाए 2.5 करोड़

हरियाणा के उद्योग मंत्री विपुल गोयल द्वारा फरीदाबाद स्थित सूरजकुंड के सिल्वर जुबली हॉल में उपहारों की प्रदर्शनी लगाई। उपहारों की इस प्रदर्शनी के जरिए पीएम राहत कोष के लिए 2.5 करोड़ की धन राशि जुटाई गई।

15 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper