महिला जज ने खटखटाया अदालत का दरवाजा

New Delhi Updated Tue, 25 Sep 2012 12:00 PM IST
नई दिल्ली। साकेत जिला अदालत की मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट ने तीस हजारी अदालत में याचिका दायर कर उनके निजी मामले की सुनवाई किसी अन्य कोर्ट में ट्रांसफर करने की मांग की है। महिला जज ने मामले की सुनवाई करने वाली अदालत पर पक्षपात का आरोप लगाया है।
बता दें कि अतिरिक्त जिला जज (एडीजे) की अदालत ने हरियाणा के पूर्व सिविल जज पीयूष गाखर को क्रूरता के आधार पर पत्नी (महिला जज) से तलाक को मंजूरी दी थी। महिला मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट ने उत्तरी जिले के जिला व अतिरिक्तसत्र न्यायाधीश एके चावला की अदालत में कहा कि एडीजे ने उनके तलाक के मामले का निपटारा जल्दबाजी में पीयूष गाखर के पक्ष में किया। इस आदेश के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका विचाराधीन है। उन्होेंने कहा कि रिकॉर्ड पर नजर डालने से साफ हो जाएगा कि केस की सुनवाई के दौरान एडीजे का नजरिया उनके प्रति पक्षपातपूर्ण रहा। इसके मद्देनजर केस की सुनवाई जल्द ट्रांसफर होनी चाहिए। जिला जज एके चावला ने मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट के पूर्व पति से इस संबंध में 5 अक्टूबर तक अपना जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। इससे पहले गाखर के अधिवक्ता अमित साहनी ने कहा कि महिला मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट ने सीनियर जज पर जो आरोप लगाए हैं, उससे संबंधित जवाब देने के लिए उन्हें समय चाहिए।

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