बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
TRY NOW

22 जुलाई के बाद हरियाणा के इन जिलों में होगा टिड्डी दल का बड़ा हमला, तैयार होगी टास्क फोर्स

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Fri, 17 Jul 2020 12:36 AM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

ख़बर सुनें
हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री जेपी दलाल ने टिड्डी दल के आक्रमण से निपटने के लिए प्रत्येक जिले में टास्क फोर्स तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि टिड्डी दल पर लगातार नजर रखी जाए और जब तक यह समाप्त न हो जाए तब तक प्रशासन व कृषि विभाग के अधिकारी पूरी तरह सचेत रहें। टिड्डी दल से निपटने के लिए प्रशासन के पास सभी संसाधन उपलब्ध होने चाहिए। इसके अलावा, इन टीमों की निगरानी के लिए उच्च अधिकारियों की तैनाती भी की जाए।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि इस कार्य के लिए सक्षम युवाओं को भी शामिल किया जाए और सभी हितधारकों को प्रशिक्षण दिलवाया जाए। उन्होंने कहा कि हर जिले की टास्क फोर्स हर समय मुस्तैद रहे ताकि आवश्यकता पड़ने पर उसे बिना देरी के दूसरे जिले में भी भेजा जा सके। इस संबंध में कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव संजीव कौशल ने बताया कि क्षेत्र में टिड्डी दल पर आमतौर पर इस्तेमाल किए जाने वाले कीटनाशक क्लोरपाइरिफास के लिए टिड्डी प्रतिरोधी बन गए हैं।


बार-बार छिड़काव के दौरान कीटनाशकों के उपयोग में एकरूपता को रोकने और कीटनाशकों के मौजूदा स्टॉक के अलावा लैम्ब्डा-सिहलोथ्रिन के 20,000 लीटर के स्टॉक की व्यवस्था की जा रही है। हरियाणा राज्य सहकारी आपूर्ति और विपणन संघ लिमिटेड (हैफेड) लैम्ब्डा-सिहलोथ्रिन का अतिरिक्त 10,000 लीटर का स्टॉक करेगा।

हरियाणा बीज विकास निगम (एचएसडीसी) 4,000 लीटर और हरियाणा राज्य भूमि सुधार विकास निगम (एचएलआरडीसी) 6,000 लीटर का स्टॉक करेगा। हैफेड, एचएलआरडीसी और एचएसडीसी के पास पहले से ही लगभग 48,000 लीटर क्लोरपाइरिफास का स्टॉक है, जबकि एचएलआरडीसी के पास पहले से ही 5,000 लीटर लैम्ब्डा-सिहलोथ्रिन है।

टिड्डी चेतावनी संगठन ने राजस्थान के जिला झुंझुनू में बड़े पैमाने पर टिड्डे के प्रजनन के बाद 22 जुलाई के बाद नूंह, रेवाड़ी, महेंद्रगढ़, भिवानी और चरखी दादरी जिलों में हमलों में तीव्रता की चेतावनी दी है। 22 जुलाई के बाद होने वाले इन हमलों के 26 जून से 16 जुलाई के बीच झज्जर, चरखी दादरी, पलवल, सिरसा, नूंह, रेवाड़ी, भिवानी और नारनौल जिलों में 13,038 एकड़ से अधिक क्षेत्र में पहले से घटित हुए हमलों की तुलना में कई अधिक गंभीर होने की संभावना है।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us

X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00
X