विज्ञापन
विज्ञापन

अनाज-दालें भी होंगी थाली से दूर, रिपोर्ट का दावा- महंगाई दर जाएगी सात फीसदी के पार

बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Mon, 29 Jul 2019 09:56 PM IST
food inflation may cross seven percent mark due to low monsoon
ख़बर सुनें
इस बार आम लोगों को मानसून के बाद कमरतोड़ महंगाई का सामना करने के लिए अभी से तैयार हो जाना चाहिए। मानसून के चलते जहां पहले से ही सब्जियों के भाव आसमान की ओर हैं, वहीं अब गरीबों की थाली से दालें और अनाज भी दूर हो सकती हैं। इससे आशंका है कि महंगाई दर सात फीसदी के आंकड़े को पार कर जाएगी। केयर रेटिंग ने अपनी एक रिपोर्ट इस तरह का दावा किया है।  

कमजोर मानसून से पैदावार हुई कम

देश भर में इस बार मानसून कमजोर रहा है। देश के 36 में से 21 मौसम उपकेंद्रों में इस बार काफी कम बारिश हुई है। यह पिछले पांच साल में सबसे ज्यादा है। केवल महाराष्ट्र के पश्चिमी हिस्से, लक्षद्वीप, अंडमान-निकोबार, यूपी के कुछ हिस्सों, पंजाब और पूर्वोत्तर भारत में ही सामान्य बरिश हुई है। ऐसे में खरीफ फसलों की पैदावार कम होने की संभावना है। 

इन खाद्यान की पैदावार पर असर

जिन फसलों की पैदावार कम होने की उम्मीद है उनमें अनाज, चावल, बाजरा, मक्का, ज्वार, तुअर, उड़द, मूंगफली और सोयाबिन शामिल हैं। चावल की पैदावार इस बार पिछले साल के मुकाबले 14 फीसदी कम होगी। फिलहाल उम्मीद है इस बार खाद्य उत्पादन 57 फीसदी तक कम हो सकता है। वहीं गन्ना और कपास की खेती में रिकॉर्ड उत्पादन होगा। 

सब्जियों की पैदावार को हो रहा नुकसान

सब्जी मंडी में थोक कारोबारियों का कहना है कि अभी दो महीने सब्जियों के दामों में इजाफा होगा। अन्य दिनों के मुकाबले इन दिनों बारिश के सीजन में आवक 60 फीसदी तक कम हो जाती है। कम स्टॉक होने और मांग अधिक होने से सब्जियों के रेट बढ़ जाते हैं। इसके अलावा बारिश के सीजन में कई जगह सब्जियों की पैदावार को भी नुकसान होता है।  
विज्ञापन
सब्जी                                पहले             अब
टमाटर                            35 से 40        55 से 60
शिमला मिर्च                        40              55 से 60
नेनुआ (तोरी)                   30 से 35         35 से 40
परवल                            30 से 40         55 से 60
भिंडी                              20 से 25         35 से 40
लौकी                              25 से 30         35 से 40
प्याज                               25 से 30        35 से 40
आलू                               16 से 18         20 से 22
धनिया                           250 से 260     280 से 300
लहसुन                            60 से 80      160-200  

सबसे ज्यादा महंगाई टमाटर पर छाई 

धनिया और टमाटर के दाम बारिश के कारण आसमान पर हैं। कुछ ही दिनों में टमाटर की आपूर्ति कम होने के कारण टमाटर के भाव थोक में 50 फीसदी और फुटकर में दोगुने हो गए हैं। देश के कई हिस्सों में हो रही झमाझम बारिश के कारण सब्जियों के दाम आसमान पर हैं। सबसे ज्यादा महंगाई टमाटर पर छाई है। 

टमाटर के शौकीनों की थाली से जहां टमाटर गायब है, वहीं हरी सब्जियां भी आंख से आंसू निकाल रही हैं। आलम यह है कि बाजार में सब्जी की खरीदारी करने वाले लोग मोल भाव करने के बाद ही खरीदारी कर रहे हैं। जो सब्जी मंहगी लग रही है उसे नहीं खरीद रहे हैं। देखा गया है कि कीमत में 10 जुलाई से तीव्र वृद्धि हुई है। 
विज्ञापन

Recommended

अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अधिकार ही है कॉमकॉन 2019 की चर्चा का प्रमुख विषय
Invertis university

अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अधिकार ही है कॉमकॉन 2019 की चर्चा का प्रमुख विषय

सर्वपितृ अमावस्या को गया में अर्पित करें अपने समस्त पितरों को तर्पण, होंगे सभी पूर्वज प्रसन्न, 28 सितम्बर
Astrology Services

सर्वपितृ अमावस्या को गया में अर्पित करें अपने समस्त पितरों को तर्पण, होंगे सभी पूर्वज प्रसन्न, 28 सितम्बर

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और बजट 2019 से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Most Read

Bazar

सोमवार को सोने-चांदी की कीमत में आई जबरदस्त तेजी, इतने ज्यादा बढ़ गए दाम

लगातार चार दिनों तक सोने-चांदी की कीमत में गिरावट के बाद सोमवार को इन दोनों के भाव में इजाफा देखा गया।

23 सितंबर 2019

विज्ञापन

'सांड की आंख' वाली दादी ने क्यों उठा ली थी बंदूक, रोचक है कहानी

सांड की आंख फिल्म रिवॉल्वर दादी के नाम से मशहूर प्रकाशो और चंद्रो तोमर पर आधारित है। आपको बता दें कि चंद्रो और प्रकाशो दोनों देवरानी और जेठानी हैं। जिन्होंने 60 साल की उम्र में अपना निशानेबाजी में करियर शुरू किया था।

23 सितंबर 2019

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree