बांग्लादेश की राजनीतिक स्थिति पर अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा, मैंने बांग्लादेश की अंतरिम सरकार से बात की है। उन्होंने कहा कि अंतरिम सरकार फैसले ले रही है। हम चाहते हैं कि वे लोकतांत्रिक सिद्धांतों का सम्मान करते हुए फैसले करें। एक सवाल के जवाब में मिलर ने कहा, हमारा मानना है कि अंतरिम सरकार बांग्लादेश में दीर्घकालिक शांति और राजनीतिक स्थिरता स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
लाओस : साइबर-स्कैम केंद्रों से 14 भारतीयों को बचाया
लाओस में भारतीय दूतावास ने गोल्डन ट्राएंगल स्पेशल इकोनॉमिक जोन (एसईजेड) में साइबर-धोखाधड़ी (स्कैम) केंद्रों से 14 भारतीय युवाओं को बचाया है। अधिकारी अब उनकी सुरक्षित भारत वापसी के लिए लाओस के अधिकारियों के साथ अथक प्रयास में जुटे हैं। भारतीय दूतावास के मुताबिक, लाओस में अब तक 548 भारतीय युवाओं को बचाया जा चुका है। भारतीय दूतावास ने लाओस में नौकरी के संबंध में भारतीयों को सलाह भी जारी की। इसमें कहा गया कि वे नौकरी की पेशकश पर खुद को खतरे में न डालें। यह नौकरी उन्हें लुभाने और साइबर घोटाले को मजबूर कर सकती है। ‘एक्स’ पर लाओस में भारतीय दूतावास ने कहा, भारतीय युवाओं को सलाह है कि वे परामर्श को ध्यानपूर्वक पढ़ें और फॉलो करें। उसने सुझाव दिया, हाल ही में ऐसे मामले आए हैं जिनमें भारतीयों को थाईलैंड के जरिये लाओ पीपुल्स डेमोक्रेटिक रिपब्लिक (लाओस) में रोजगार के लिए लालच दिया गया।
दुबई में बैठे हैं फर्जी कंपनियों के एजेंट: दुबई में कई फर्जी कंपनियों के एजेंट काम कर रहे हैं, जो भारतीयों को अपने चंगुल में फंसा रहे हैं। इनसे जुड़े कई साथी बैंकॉक, सिंगापुर और भारत में काम कर रहे हैं।
इंडियास्पोरा US में भारतवंशियों पर नस्लीय हमले से चिंतित
इंडियास्पोरा ने अमेरिका में भारतीय मूल के राजनीतिक उम्मीदवारों पर बढ़ते नस्लीय हमलों की निंदा की। प्रभावशाली भारतीय प्रवासी निकाय ने बुधवार को कहा, भारतीय प्रवासी अमेरिका की बहुत परवाह करते हैं। देश की भलाई के लिए एक ताकत बनने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इंडियास्पोरा ने एक बयान में कहा, इस चुनाव चक्र के दौरान, राजनीतिक गलियारे के दोनों ओर सार्वजनिक सेवा में प्रमुख भारतीय-अमेरिकी नेताओं को उनकी जाति के आधार पर शर्मनाक तरीके से निशाना बनाया गया है। हमारा मानना है कि इस तरह का व्यवहार विविधता में समावेश, सम्मान और ताकत के उच्च मूल्यों के बिल्कुल विपरीत है, जिसे हमारा देश धारण करने और अभ्यास करने की आकांक्षा रखता है।
बयान में कहा गया है कि हम एक बेहतर अमेरिका, वास्तव में एक अधिक परिपूर्ण संघ के दृष्टिकोण में दृढ़ता से विश्वास करते हैं, जिसके लिए हम योगदान देने का प्रयास करते हैं। हाल ही में जारी इंडियास्पोरा इम्पैक्ट रिपोर्ट से पता चलता है कि वर्तमान प्रशासन में वरिष्ठ सरकारी पदों पर 150 भारतीय-अमेरिकी हैं जो अमेरिका की सेवा करने के लिए प्रवासी भारतीयों की प्रतिबद्धता का संकेत है। दोनों राजनीतिक दलों के प्रशासन में यह संख्या लगातार बढ़ रही है और पिछले दशक में इसमें 150 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। इसके अलावा, पांच भारतीय-अमेरिकी प्रतिनिधि सभा में निर्वाचित अधिकारियों के रूप में काम करते हैं। इनमें से कम से कम दो आगामी चुनावों में भाग ले रहे हैं।
'एशिया शिक्षक पदक' के लिए अंतिम 10 उम्मीदवारों में दो भारतीय चयनित
एशिया शिक्षक पदक के लिए अंतिम 10 उम्मीदवारों में दो भारतीय भी शामिल हैं। अक्तूबर में दिए जाने वाले पुरस्कार के लिए 'सेंटर स्क्वायर फाउंडेशन' के संस्थापक एवं अध्यक्ष आशीष धवन और 'एजुकेशनल इनीशिएटिव्स' के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) प्रणव कोठारी का मुकाबला सिंगापुर, फिलीपीन, बांग्लादेश, पाकिस्तान, जापान तथा मलेशिया से चुने गए अन्य उम्मीदवारों से होगा। इस पुरस्कार के विजेता को नवंबर में दुबई में 'वर्ल्ड स्कूल्स समिट' में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने और नेतृत्व क्षमता का प्रदर्शन करने वाले व्यक्तियों को सम्मानित करने के उद्देश्य से इस पुरस्कार की शुरुआत ब्रिटेन की 'टी4 एजुकेशन' और प्रौद्योगिकी क्षेत्र की दिग्गज कंपनी ‘एचपी’ ने की।
लंदन के ऐतिहासिक टावर ब्रिज के पास पहुंचा भारतीय नौसेना का INS तबार
7 अगस्त को लंदन में प्रतिष्ठित टॉवर ब्रिज उत्सव की खास जगह बनकर सामने आई। भारतीय प्रवासी समुदाय के सदस्य नौसेना के INS Tabar का स्वागत करने के लिए यहां जमा हुए। टॉवर ब्रिज ब्रिटेन में भारतीय समुदाय की सांस्कृतिक एकता और जीवंत भावना का गवाह बना।
मौके पर मौजूद भारतीय प्रवासी समुदाय के एक सदस्य ने कहा, आईएनएस तबार का स्वागत करना इस देश में रहने वाले सभी भारतीयों के लिए सबसे गर्व का क्षण है। भारतीय ध्वज और भारतीय जहाज को टॉवर ब्रिज के पास देखकर सभी ने खुशी मनाई...यह हम सभी के लिए एक अनमोल क्षण था।
जेल में लीक यौन शोषण वीडियो पर अमेरिका ने इस्राइल से जताई आपत्ति
इस्राइल की एक जेल में फलस्तीनी कैदी के यौन शोषण का वीडियो लीक होने से हंगामा हो गया है। अमेरिका ने इस्राइल से अपील की है कि वह इस मामले की जांच करे और जवाबदेही तय करे। दरअसल इस्राइली चैनल पर प्रसारित एक वीडियो में दिख रहा है कि इस्राइली सैनिक सेदे तेइमान बेस पर एक कैदी को उठाकर ले जाते हुए दिख रहे हैं और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वीडियो देखकर ऐसा लग रहा है कि सैनिक छिपकर कैदी के साथ यौन शोषण कर रहे हैं। गौरतलब है कि सेदे तेइमान बेस पर ही गाजा युद्ध के दौरान पकड़े गए फलस्तीनी कैदियों को रखा गया है।
इस वीडियो के सामने आने के बाद हंगामा हो गया है और इस्राइल की सेना पर गंभीर आरोप लग रहे हैं। अमेरिका के विदेश विभाग ने भी इस लीक वीडियो पर नाराजगी जाहिर की है और वीडियो को भयावह करार दिया है। अमेरिका के विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने एक बयान में कहा कि 'कैदियों को मानवाधिकारों की रक्षा और सम्मान किया जाना चाहिए। इस्राइल की सरकार को इस लीक वीडियो की जांच करनी चाहिए और जो भी दोषी पाए जाएं उनकी जवाबदेही होनी चाहिए।' बता दें कि इस्राइल की जेलों से रिहा हुए फलस्तीनी कैदी अक्सर अपने साथ हुई प्रताड़ना, यौन उत्पीड़न और दुष्कर्म जैसे आरोप लगा चुके हैं।
अमेरिकी सांसद कृष्णमूर्ति ने बांग्लादेश में जारी हिंसा की आलोचना की
भारतीय-अमेरिकी सांसद राजा कृष्णमूर्ति ने बांग्लादेश में हाल ही में हुई हिंसा की निंदा की है, जिसमें हिंदुओं को क्रूर तरीके से निशाना बनाया गया। उन्होंने कहा कि शपथ लेने वाली अंतरिम सरकार को पूरे देश में अशांति को खत्म करना चाहिए और इसके दोषियों को न्याय के कटघरे में लाना चाहिए। बांग्लादेश में नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार गुरुवार को शपथ लेने वाली है।
कृष्णमूर्ति ने बुधवार को एक बयान में कहा, 'जब बांग्लादेश अपनी अंतरिम सरकार के शपथ लेने की तैयारी कर रहा है, तो मैं सभी सरकारी अधिकारियों, नए प्रशासन और पुलिस प्रमुख और बांग्लादेश के लोगों से आग्रह करता हूं कि वे देश भर में फैली हिंसा को खत्म करने के लिए हर संभव प्रयास करें, जिसमें देश के हिंदू अल्पसंख्यकों, उनके घरों, व्यवसायों और उनके मंदिरों को क्रूर तरीके से निशाना बनाना भी शामिल है।' उन्होंने कहा कि 'हिंसा रुकनी चाहिए और हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों को न्याय के कटघरे में लाया जाना चाहिए।' उन्होंने कहा कि वह अमेरिकी विदेश विभाग के साथ समन्वय में बांग्लादेश में होने वाले घटनाक्रमों पर बारीकी से नजर रखना जारी रखेंगे।
बांग्लादेश की हिंसा पर अमेरिकी सांसद ने जताई चिंता
अमेरिका के सांसद रिक मैक्कॉर्मिक ने बांग्लादेश में जारी हिंसा पर चिंता जाहिर की है और कहा है कि वह बांग्लादेश में जारी सांप्रदायिक हिंसा की खबरों से परेशान हैं, जिनमें अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय को निशाना बनाया जा रहा है। बांग्लादेश में शेख हसीना के इस्तीफे और देश छोड़कर जाने के बाद उन्मादी भीड़ अब अल्पसंख्यकों को निशाना बना रही है।
बांग्लादेश में कई हिंदू परिवारों को निशाना बनाया गया है, उनके घरों में तोड़फोड़ और आगजनी की गई है और कई मंदिरों और अल्पसंख्यक समुदाय की दुकानों और प्रतिष्ठानों पर भी हमले हुए हैं। मैक्कॉर्मिक ने सोशल मीडिया पर साझा एक बयान में लिखा कि 'मैं प्रार्थना करता हूं कि बांग्लादेश में जल्द शांति और स्थिरता आए। बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों और हिंदू समुदाय पर हमले की खबरों से बेहद परेशान हूं। हम विदेश मामलों की समिति के साथ मिलकर काम करेंगे, जिससे बांग्लादेश में शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से सत्ता का हस्तांतरण हो सके।'
पाकिस्तान: पुलिस ने दो ईसाई बहनों के खिलाफ दर्ज किया बेअदबी का मामला
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की पुलिस ने गुरुवार को कहा कि उसने दो ईसाई बहनों के खिलाफ ईशनिंदा के आरोपों के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने बताया कि दोनों के खिलाफ पाकिस्तान दंड संहिता के तहत ईशनिंदा का मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस अधिकारी शौकत अली ने बताया कि टोबा टेक सिंह जिले के गोजरा में बुधवार को सामिया मसीह और सोनिया मसीह ने कथित तौर पर कुरान के पन्नों से भरा एक बोरा कथित तौर पर अपने घर के बाहर फेंका। जब उनके एक पड़ोसी ने सोनिया को बोरी फेंकते हुए देखा, तो उसने इसके बारे में पूछताछ की। इसे बाद सामिया की उससे बहस हो गई। इसके बाद जल्द ही कुरान के कथित बेअदबी की खबर पर इलाके के अन्य लोग इकट्ठा हो गए। लोगों ने सामिया की पिटाई की और फिर उसे पुलिस को सौंप दिया। जबकि कुरान की कथित बेअदबी के बाद ईसाई परिवार घर छोड़कर चला गया। उन्होंने कहा, सोनिया की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
इस बीच, अल्पसंख्यक अलायंस पाकिस्तान के अध्यक्ष अकमल भट्टी ने कहा कि ईसाई बहनों के खिलाफ बेअदबी के आरोप झूठे हैं। भट्टी ने एक बयान में कहा कि शिकायतकर्ता और उसके परिवार के सदस्यों ने ईसाई बहनों के खिलाफ झूठे आरोप लगाए। इलाके के लोगों को बुलाया और उन्हें ईसाई परिवार के खिलाफ उकसाया।
लेफ्टिनेंट जनरल सिगडेल नेपाल के नए सेना प्रमुख बने
नेपाल सरकार ने लेफ्टिनेंट जनरल अशोकराज सिगडेल को नेपाल का कार्यवाहक सेना प्रमुख नियुक्त किया है। बृहस्पतिवार को नेपाल सेना मुख्यालय में आयोजित एक समारोह में लेफ्टिनेंट जनरल सिगडेल को कार्यभार सौंपा गया। वहीं, निवर्तमान सीओएएस प्रभुराम शर्मा 9 सितंबर को औपचारिक रूप से सेवानिवृत्त होने से पहले शुक्रवार से एक महीने की अनिवार्य छुट्टी पर जा रहे हैं। सैन्य जनसंपर्क और सूचना निदेशालय के बयान के अनुसार मंत्रिपरिषद की सिफारिश पर राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल ने लेफ्टिनेंट जनरल सिगडेल को 9 अगस्त से कार्यवाहक सीओएएस के रूप में नामित किया।
ब्रिटेन: आईएनएस को देखने के एकत्र हुए भारतीय प्रवासी
भारतीय नौसेना के युद्धपोत आईएनएस तबर का स्वागत करने के लिए भारतीय प्रवासी बड़ी संख्या में टेम्स नदी के तट पर एकत्र हुए। आईएनएस तबर जैसे ही टेम्स नदी बने टॉवर ब्रिज के करीब पहुंचा तो ब्रिज के दोनों प्लेटफॉर्म खुले और फिर आईएनएस तबर ने प्रवेश किया। इस यादगार नजारे को देखकर भारतीय लोग गर्व से भर उठे।