नाइजीरिया के पूर्वोत्तर बोर्नो राज्य में संदिग्ध जिहादी आतंकवादियों ने एक माध्यमिक विद्यालय पर हमला किया। पुलिस ने बताया कि इस हमले के बाद कई छात्र लापता हैं। बोर्नो पुलिस प्रवक्ता नाहूम दासो ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट नहीं है कि शुक्रवार को हुए हमले के बाद छात्रों का अपहरण हुआ है या नहीं। रिपोर्ट्स के मुताबिक हमले के बाद भगदड़ के दौरान कई छात्र सुरक्षित ठिकाने की तलाश में भाग गए। यह हमला अस्कीरा-उबा में सुबह तड़के हुआ। यह क्षेत्र संबिसा वन से सटा है, जो सशस्त्र समूहों का गढ़ है। नाइजीरिया में स्कूली बच्चों का अपहरण आम होता जा रहा है। सरकार देश भर में कई सशस्त्र समूहों से लड़ रही है। विश्लेषकों के अनुसार, बोको हरम जैसे समूह अक्सर बड़ी फिरौती के लिए स्कूलों को निशाना बनाते हैं। इनका मकसद सरकार का ध्यान आकर्षित करना होता है।
श्रीलंका में वीजा नियमों का उल्लंघन, तीन भारतीय गिरफ्तार
श्रीलंका के त्रिंकोमाली में बिना वैध वीजा के रुकने के आरोप में तीन भारतीय नागरिकों को गिरफ्तार किया है। एक अन्य छापे में चीन और मलयेशिया के 14 लोगों को भी हिरासत में लिया है। प्रशासन ने साइबर अपराध सिंडिकेट्स के खिलाफ अभियान छेड़ रखा है। सोमवार को भी गाले और हिक्काडुवा से 173 भारतीयों और 25 नेपालियों सहित 198 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने स्थानीय लोगों से पर्यटक वीजा का दुरुपयोग करने वालों की जानकारी देने की अपील की है।
भारत-चीन द्विपक्षीय वार्ता: सीमा से जुड़े मुद्दों को सुलझाने पर सहमति, भारतीय दूत दुराईस्वामी और चीन के सीमा मामलों के महानिदेशक ने की बैठक
चीन में भारत के नए राजदूत विक्रम दुरईस्वामी ने चीन के सीमा एवं समुद्री मामलों के विभाग की महानिदेशक होऊ यान्की के साथ परिचयात्मक बैठक की। इस दौरान दोनों अधिकारियों ने सीमा से जुड़े लंबित मुद्दों पर सुलझाने के उपायों व द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा की। बीजिंग स्थित भारतीय दूतावास ने बृहस्पतिवार को सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, दोनों पक्षों के बीच भारत-चीन सीमा क्षेत्रों से जुड़े घटनाक्रमों पर विचारों का सार्थक आदान-प्रदान हुआ। दोनों अधिकारियों ने द्विपक्षीय संबंधों में आ रही सकारात्मक गति की समीक्षा की। पोस्ट के अनुसार, दोनों पक्ष इस बात पर सहमत हुए कि दोनों देशों के नेताओं की स्थिर व पारस्परिक रूप से लाभकारी संबंधों की परिकल्पना को लागू करने के लिए स्थापित तंत्रों का उपयोग किया जाएगा।
संबंध सुधारने की दिशा में काम कर रहे दोनों देश
1992 बैच के भारतीय विदेश सेवा अधिकारी विक्रम दुरईस्वामी ने इसी महीने कार्यभार संभाला है। उनकी नियुक्ति ऐसे समय हुई है जब भारत और चीन अप्रैल 2020 में पूर्वी लद्दाख में हुए सैन्य गतिरोध के बाद बिगड़े संबंधों को सुधारने की कोशिश कर रहे हैं। यह गतिरोध चार वर्षों तक चला था। दोनों देश फिलहाल वीजा सेवाओं और सीधी उड़ानों की बहाली समेत सभी स्तरों पर संबंध सामान्य करने की प्रक्रिया में जुटे हुए हैं।
गाजा में हमास के सैन्य प्रमुख को निशाना बनाकर इस्राइली हमला, तीन की मौत
इस्राइल ने गाजा में हमास के सैन्य प्रमुख इज्ज अल-दीन अल-हद्दाद को निशाना बनाकर हवाई हमला किया। इस्राइल ने हद्दाद को 7 अक्तूबर 2023 के हमलों का प्रमुख साजिशकर्ता बताया है। हालांकि हमास ने अब तक उसकी स्थिति को लेकर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। गाजा के स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, शुक्रवार को हुए हमले में तीन लोगों की मौत हुई और 20 लोग घायल हुए हैं। यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि मारे गए लोगों में हद्दाद शामिल है या नहीं। इस्राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और रक्षा मंत्री इस्राइल काट्ज ने संयुक्त बयान में कहा कि हद्दाद हजारों इस्राइली नागरिकों और सैनिकों की हत्या, अपहरण और हमलों के लिए जिम्मेदार था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पहला हमला गाजा शहर के रिमाल इलाके में एक अपार्टमेंट पर किया गया। इसके बाद पास की सड़क पर एक वाहन को भी निशाना बनाया गया। मई 2025 में मोहम्मद सिनवार की मौत के बाद हद्दाद हमास के सैन्य प्रमुख बना था। युद्धविराम के बावजूद इस्राइल और हमास के बीच तनाव बना हुआ है। गाजा में अक्तूबर 2025 के युद्धविराम के बाद से अब तक 850 से अधिक फलस्तीनी मारे जा चुके हैं।
इस्राइल : शहीद भारतीय यहूदी सैनिकों को राजदूत ने दी श्रद्धांजलि
इस्राइल में भारतीय राजदूत जेपी सिंह ने रिमेंबरेंस डे पर आयोजित कार्यक्रम में शिरकत की। उन्होंने इस्राइल के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले भारतीय यहूदी समुदाय के शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। नेशनल फेडरेशन ऑफ इंडियन ज्यूज द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में राजदूत ने कहा कि यह समुदाय इस्राइल के विकास और भारत-इस्राइल संबंधों को मजबूत करने में एक सेतु की भूमिका निभा रहा है। उधर, नई दिल्ली में इस्राइली राजदूत रूवेन अजर ने दोनों देशों के रिश्तों को प्रगाढ़ बताया।
कोलंबो एयरपोर्ट पर 10.8 करोड़ रुपये की कोकीन के साथ भारतीय गिरफ्तार
श्रीलंका के कोलंबो हवाई अड्डे पर सीमा शुल्क अधिकारियों ने शुक्रवार को एक भारतीय नागरिक (60) को भारी मात्रा में नशीले पदार्थों के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से लगभग 2.15 किलोग्राम कोकीन बरामद की गई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 10.8 करोड़ रुपये (108 मिलियन श्रीलंकाई रुपये) आंकी गई है। अधिकारियों के अनुसार, आरोपी पेशे से भूविज्ञानी है। वह कतर एयरवेज की उड़ान से दोहा होते हुए युगांडा से कोलंबो पहुंचा था। संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर जब उसके चेक-इन बैगेज की गहन तलाशी ली गई, तो अधिकारियों को बैग के अंदर बड़ी सफाई से छिपाई गई कोकीन की खेप मिली। अधिकारियों ने बताया कि आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
अमेरिकी किशोर बना बौद्ध भिक्षु शुरू किया आध्यात्मिक सफर
युद्धरत अमेरिका के मिनेसोटा के 19 वर्षीय जालु दोर्जे बौद्ध भिक्षु बन गए हैं। वह छह महीने पहले तक एक्सबॉक्स पर गेम खेलते और पिज्जा खाते थे, लेकिन अब हिमालय की तलहटी में स्थित मठ में बौद्ध लामा के रूप में लोगों को आशीर्वाद दे रहे हैं। जालु को बचपन में ही दलाई लामा ने एक पुनर्जन्म लामा के रूप में पहचान लिया था। पिछले साल हाई स्कूल की पढ़ाई पूरी कर भारत के मिंडरोलिंग मठ में शामिल हो गए।
अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने वर्जीनिया का चुनावी नक्शा बहाल करने से किया इनकार
अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को वर्जीनिया की उस अहम अपील को खारिज कर दिया है, जिसमें डेमोक्रेटिक पार्टी को फायदा पहुंचाने वाले चुनावी नक्शे (कांग्रेशनल मैप) को बहाल करने की मांग की गई थी। अदालत के इस बड़े फैसले से हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स (निचले सदन) में डेमोक्रेट्स को चार और सीटें जीतने का जो शानदार मौका मिल रहा था, वह अब पूरी तरह से खत्म हो गया है। यह आदेश अमेरिका में चल रहे चुनाव क्षेत्र परिसीमन (रिडिस्ट्रिक्टिंग) विवाद का एक नया और अहम मोड़ है। इस विवाद की शुरुआत पिछले साल तब हुई थी, जब मौजूदा अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने रिपब्लिकन शासित राज्यों से अपनी चुनावी सीमाएं दोबारा तय करने की अपील की थी। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट द्वारा 'वोटिंग राइट्स एक्ट' को कमजोर करने वाले हालिया फैसले ने रिपब्लिकन पार्टी के लिए जीतने लायक और सीटें खोल दी हैं। हाल के दिनों में सुप्रीम कोर्ट ने अलबामा और लुइसियाना में भी रिपब्लिकन के पक्ष में ही फैसले दिए हैं। हालांकि, वर्जीनिया का यह मामला थोड़ा अलग था। यह विवाद वर्जीनिया सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले के बाद शुरू हुआ था, जिसमें पिछले ही महीने मतदाताओं द्वारा मामूली अंतर से पास किए गए एक संवैधानिक संशोधन को 4-3 के बहुमत से रद्द कर दिया गया था। राज्य की अदालत ने अपनी जांच में पाया था कि डेमोक्रेट-नियंत्रित विधायिका ने वर्जीनिया के आम चुनावों में 'अर्ली वोटिंग' शुरू होने के बाद, अनुचित और गलत तरीके से इस संशोधन को मतपत्र पर रखने की प्रक्रिया शुरू की थी।
मेक्सिको के पूर्व सुरक्षा प्रमुख अमेरिकी कोर्ट में पेश, ड्रग कार्टेल से रिश्वत लेने का आरोप
मेक्सिको के सिनालोआ राज्य के पूर्व जन सुरक्षा सचिव गेरार्डो मेरिडा सांचेज शुक्रवार को न्यूयॉर्क के मैनहट्टन स्थित अमेरिकी फेडरल कोर्ट में पेश हुए। उन्हें सिनालोआ कार्टेल को अमेरिका में भारी मात्रा में ड्रग्स की तस्करी में मदद करने के आरोप में एरिज़ोना से गिरफ्तार किया गया था। वह अमेरिका द्वारा आरोपित 10 मेक्सिकन अधिकारियों में से पहले हैं जो अदालत के सामने पेश हुए हैं। सांचेज पर जेल में बंद ड्रग माफिया 'अल चापो' के बेटों से हर महीने 100,000 डॉलर की रिश्वत लेने और पुलिस छापों की पूर्व जानकारी उन्हें देने का गंभीर आरोप है।
यूरोपीय मानवाधिकार कन्वेंशन की नई व्याख्या से 46 देश सहमत, प्रवासन से जुड़ा है मामला
यूरोप के 46 देशों ने शुक्रवार को प्रवासन मामलों में मानवाधिकार कन्वेंशन की नई व्याख्या पर सहमति जताई। इसमें तीसरे देशों में स्थापित निर्वासन केंद्रों का उपयोग भी शामिल है। यह घोषणा अनियमित प्रवासन से लड़ने और निर्वासन को सुविधाजनक बनाने की मांगों के बाद आई। अधिकार समूहों ने इसकी आलोचना करते हुए कहा कि यह यातना पर प्रतिबंधों को कमजोर कर सकती है। यूरोप परिषद ने कहा कि राज्यों को विदेशी नागरिकों के प्रवेश और निवास को नियंत्रित करने का संप्रभु अधिकार है। परिषद ने यह भी बताया कि बड़े पैमाने पर आगमन वाले देश "तीसरे देश वापसी केंद्र" जैसे नए तरीके अपना सकते हैं। पिछले साल इटली ने अल्बानिया में एक "वापसी केंद्र" में प्रवासियों को भेजा था। 2024 में दक्षिणपंथी दलों के सत्ता में आने के बाद यूरोपीय संघ ने प्रवासन नीतियों को कड़ा किया है। मैग्नस ब्रूनर ने इसे एकीकृत प्रवासन नीति की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
क्यूबा के पूर्व राष्ट्रपति राउल कास्त्रो पर शिकंजा, अमेरिका कर रहा अभियोग की तैयारी
अमेरिकी न्याय विभाग क्यूबा के पूर्व राष्ट्रपति राउल कास्त्रो के खिलाफ अभियोग (इंडिक्टमेंट) दायर करने की तैयारी कर रहा है। सूत्रों के मुताबिक, यह संभावित अभियोग 1996 में मियामी स्थित निर्वासित समूह 'ब्रदर्स टू द रेस्क्यू' के चार विमानों को मार गिराने में कास्त्रो की कथित भूमिका से जुड़ा है। उस समय कास्त्रो क्यूबा के रक्षा मंत्री थे। यह कदम ऐसे समय उठाया जा रहा है जब मौजूदा अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने क्यूबा को चेतावनी दी है कि यदि वहां का नेतृत्व अपनी अर्थव्यवस्था को अमेरिकी निवेश के लिए नहीं खोलता है, तो वे संभावित सैन्य कार्रवाई कर सकते हैं।
अमेरिका का बड़ा फैसला: पोलैंड और जर्मनी में सेना की तैनाती रोकी, यूरोप से कम होंगे सैनिक
पेंटागन ने यूरोप में अमेरिकी सैनिकों की संख्या कम करने के लिए पोलैंड और जर्मनी में होने वाली नई तैनाती रद्द कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, राष्ट्रपति ट्रंप के यूरोप से 5,000 सैनिकों को कम करने के आदेश के तहत यह कदम उठाया गया है। इसके चलते लगभग 4,000 अमेरिकी सैनिक अब पोलैंड नहीं जाएंगे। यह फैसला ऐसे समय आया है जब ईरान युद्ध के मुद्दे पर सहयोगियों के साथ अमेरिका का तनाव बढ़ रहा है और जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज़ ने वाशिंगटन की रणनीति की आलोचना की है। हालांकि, पोलैंड ने स्पष्ट किया है कि इससे उनकी सुरक्षा प्रभावित नहीं होगी।
पूर्व पीएम इमरान खान की बहन ने जेल में अकेले रखे जाने को चुनौती दी, उच्च न्यायालय में याचिका
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की बहन अलीमा खान ने अदियाला जेल में उनके लंबे एकांत कारावास को अवैध बताते हुए उच्च न्यायालय में चुनौती दी है। अलीमा खान ने गुरुवार को याचिका दायर की, जिसमें कहा कि किसी भी अदालत ने खान को एकांत कारावास की सजा नहीं सुनाई है। आरोप है कि जेल अधिकारी उन्हें पिछले छह महीनों से प्रतिदिन करीब 22 घंटे एकांत में रख रहे हैं, जबकि कानूनन यह 14 दिनों से अधिक नहीं हो सकता। याचिका में यह भी कहा गया कि खान की दाहिनी आंख की 85 फीसदी रोशनी चली गई है और उनके इलाज की जानकारी परिवार को नहीं मिली। खान ने बताया कि उनकी पत्नी बुशरा बीबी भी उसी जेल में एकांत में हैं। पीटीआई नेताओं को गुरुवार को खान से मिलने नहीं दिया गया, जबकि उच्च न्यायालय ने सप्ताह में दो बार मिलने की अनुमति दी है।
अमेरिका- लकड़ी मिल में भीषण आग और जोरदार विस्फोट
अमेरिका के मेन राज्य में शुक्रवार को एक लकड़ी मिल में भीषण आग और जोरदार विस्फोट हो गया। इस हादसे में एक फायरफाइटर की मौत हो गई, जबकि कम से कम 11 लोग घायल हो गए। अधिकारियों के मुताबिक हादसा मेन के मिडकोस्ट इलाके में स्थित रॉबिन्स लंबर मिल में हुआ। जानकारी के अनुसार मिल में लगी आग को बुझाने के लिए बड़ी संख्या में फायर ब्रिगेड और बचाव दल मौके पर पहुंचे थे। इसी दौरान मिल का एक बड़ा साइलो अचानक फट गया, जिससे हालात और गंभीर हो गए। बाद में एक फायरफाइटर का शव घटनास्थल से बरामद किया गया।
घायलों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। पोर्टलैंड के मेन मेडिकल सेंटर में 10 लोगों का इलाज चल रहा है, जबकि एक व्यक्ति की हालत गंभीर बताई जा रही है। रॉबिन्स लंबर कंपनी 1881 से चल रही पारिवारिक कंपनी है और मेन राज्य की बड़ी लकड़ी कंपनियों में गिनी जाती है। कंपनी के प्रवक्ता ने इसे परिवार और इलाके के लिए “बहुत दुखद दिन” बताया है। फिलहाल आग लगने और विस्फोट के कारणों की जांच की जा रही है। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से इलाके से दूर रहने की अपील की है।
सूडान में लगभग 1.95 करोड़ लोग के सामने गंभीर खाद्य संकट- यूएन
संयुक्त राष्ट्र महासचिव के उप प्रवक्ता फरहान हक ने बताया कि सूडान में लगभग 1.95 करोड़ लोग गंभीर खाद्य संकट का सामना कर रहे हैं। उन्होंने इसके लिए खाद्य और कृषि संगठन (एफएओ), विश्व खाद्य कार्यक्रम (डब्ल्यूएफपी) और संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनीसेफ) के आंकड़ों का हवाला दिया। उप प्रवक्ता फरहान हक ने दैनिक ब्रीफिंग में बताया कि जहां ग्रेटर दारफुर और ग्रेटर कोर्डोफान के 14 क्षेत्रों में अकाल का खतरा बना हुआ है, वहीं जून और सितंबर के बीच आने वाले कठिन मौसम (लीन सीजन) के दौरान हालात और बिगड़ने की आशंका है। उन्होंने कहा कि इस बीच जरूरतों की तुलना में मानवीय सहायता अभी भी बेहद अपर्याप्त बनी हुई है।
हक ने बताया कि फरवरी और मई के बीच मानवीय सहायता देने वाले संगठनों ने हर महीने 4.8 मिलियन लोगों तक पहुंचने का लक्ष्य रखा था, लेकिन फरवरी में अनुमानित तौर पर सिर्फ 3.13 मिलियन लोगों को ही सहायता मिल पाई। प्रवक्ता ने आगे बताया कि एफएओ, डब्ल्यूएफपी और यूनीसेफ ने शत्रुतापूर्ण गतिविधियों को तत्काल रोकने का आह्वान किया है। साथ ही, उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से आग्रह किया है कि वे भोजन, आपातकालीन खाद्य उत्पादन, पोषण, स्वास्थ्य, और जल व स्वच्छता सेवाओं के लिए व आजीविका को फिर से खड़ा करने के प्रयासों के लिए फंडिंग को तत्काल बढ़ाएं।
पाकिस्तान के लोगों पर और बढ़ेगा टैक्स का बोझ
पाकिस्तान के आम नागरिकों पर टैक्स का बोझ और अधिक बढ़ने जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने अगले वित्तीय वर्ष के लिए पेट्रोलियम लेवी का टारगेट 1 लाख 73 हजार करोड़ रुपए तय किया है। यह मौजूदा बजट लक्ष्य से 25 हजार 900 करोड़ रुपए अधिक है। इसके अलावा, आईएमएफ ने फेडरल बोर्ड ऑफ रेवेन्यू (एफबीआर) को अपना रेवेन्यू टारगेट हासिल करने के लिए शर्तें और कड़ी कर दी हैं। पाकिस्तान की जनता पहले ही महंगाई की मार झेल रही है। ऐसे में आईएमएफ के इस फैसले से आम लोगों की परेशानियां और बढ़ने की आशंका है।
द एक्सप्रेस ट्रिब्यून ने फंड की स्टाफ-लेवल रिपोर्ट में कहा गया है कि केंद्र और राज्य सरकारें 86 हजार करोड़ रुपए के बराबर अतिरिक्त रेवेन्यू जुटाने की कोशिश करेंगी। इसके लिए केंद्र सरकार आधे कदम उठाएगी, जिन्हें नए टैक्स उपायों और उनके प्रभावी क्रियान्वयन में बांटा जाएगा। वहीं, राज्य सरकारें सेवाओं पर सेल्स टैक्स बढ़ाएंगी और 43 हजार करोड़ रुपए का अपना हिस्सा जुटाने के लिए कृषि आयकर (एग्रीकल्चर इनकम टैक्स) वसूलेंगी। केंद्रीय बजट का आकार 17 लाख 10 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा रहने का अनुमान है। यह चालू वित्तीय वर्ष के संशोधित बजट से लगभग 9 फीसदी अधिक है। डिफेंस बजट 2 लाख 66 हजार 500 करोड़ रुपए रहने का अनुमान है, जो मौजूदा बजट से 10 हजार 100 करोड़ रुपए ज्यादा है। पाकिस्तान ने 21 हजार 500 करोड़ रुपए के अतिरिक्त टैक्स लगाने के लिए आईएमएफ की शर्तें मान ली हैं। वहीं, 21 हजार 500 करोड़ रुपए बिलियन ऑडिट, प्रोडक्शन मॉनिटरिंग और अन्य प्रवर्तन (एनफोर्समेंट) उपायों के जरिए जुटाए जाएंगे।