यूरोपीय देश और नाटो के सदस्य एस्टोनिया में शुक्रवार को रूसी सैन्य विमान काफी देर तक मंडराते रहे। हवाई क्षेत्र का उल्लंघन सुबह राजधानी ताल्लिन से 100 किलोमीटर दूर वैंडलू द्वीप के क्षेत्र में हुआ। एस्टोनिया ने रूस के तीन लड़ाकू विमानों के बिना अनुमति उसकी हवाई सीमा में घुसने पर कड़ा विरोध जताया। ये विमान शुक्रवार को 12 मिनट तक एस्टोनिया के आसमान में रहे। यह घटना वाइंडलू द्वीप के पास हुई। एस्टोनिया के विदेश मंत्री मार्गुस त्साखना ने इसे इस साल का सबसे गंभीर और दुस्साहसी उल्लंघन बताया। विमानों के पास कोई फ्लाइट प्लान नहीं था, उनके ट्रांसपोंडर बंद थे, और उन्होंने एयर ट्रैफिक कंट्रोल से कोई संपर्क नहीं किया।
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नाटो मिशन के तहत तैनात इटली के एफ-35 जेट ने तुरंत प्रतिक्रिया दी और रूसी विमानों को खदेड़ा। इस घटना के बाद एस्टोनिया ने रूस के चार्ज डी'अफेयर्स को तलब कर प्रोटेस्ट नोट सौंपा। यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काया काल्लास ने इसे 'खतरनाक उकसावा' बताया, जो क्षेत्र में तनाव बढ़ा सकता है। एस्टोनिया, लातविया, लिथुआनिया और पोलैंड को रूस के संभावित लक्ष्यों में गिना जाता है। इससे पहले 9-10 सितंबर की रात 20 से ज्यादा रूसी ड्रोन पोलिश हवाई क्षेत्र में घुसे थे। तब नाटो के विमानों ने उनमें से कुछ विमानों को मार गिराया था। पश्चिमी अधिकारियों ने कहा था कि रूस गठबंधन की तैयारी और संकल्प का परीक्षण कर रहा था। हवाई क्षेत्र का यह उल्लंघन रूसी और बेलारूसी सैन्य बलों की ओर से जापद 2025 नामक संयुक्त सैन्य अभ्यास समाप्त होने के तीन दिन बाद हुआ है। एस्टोनिया सरकार ने कहा कि रूस के तीन मिग-31 लड़ाकू विमान बिना अनुमति के एस्टोनियाई हवाई क्षेत्र में घुस आए और कुल 12 मिनट तक रहे। रूसी रक्षा मंत्रालय ने टिप्पणी के अनुरोध का तुरंत जवाब नहीं दिया।
कश्मीरी कार्यकर्ता ने यूएनएचआरसी में पाकिस्तानी की खोली पोल
जेनेवा में संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (यूएनएचआरसी) के 60वें सत्र में कश्मीरी कार्यकर्ता जावेद बेग ने पहलगाम आतंकी हमले के लिए पाकिस्तान की कड़ी निंदा की। जावेद बेग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा कि पाकिस्तान-समर्थित आतंकियों ने ही पहलगाम में इस हमले को अंजाम दिया था। हमले में हिंदू, ईसाई और बौद्ध पर्यटकों के साथ एक स्थानीय मुस्लिम भी मारा गया था। जावेद बेग ने आरोप लगाया कि पाकिस्तान की नफरत गैर-मुस्लिमों के प्रति है। बेग ने कहा, पाकिस्तान कश्मीरी मुसलमानों का शुभचिंतक नहीं है, बल्कि उसने तीन दशकों से हिंसा फैलाई है।
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बलूचिस्तान में दो कार बम धमाकों में आठ की मौत
पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में गुरुवार को दो अलग-अलग कार बम धमाकों में कम से कम आठ लोगों की मौत हो गई और लगभग दो दर्जन घायल हो गए। पहले धमाके में, तुर्बत जिले में एक आत्मघाती हमलावर ने सुरक्षा दल की गाड़ी को टक्कर मार दी, जिसमें दो सुरक्षा कर्मी मारे गए और 23 घायल हुए। इसके ठीक कुछ घंटे बाद, अफगान सीमा के पास चमन शहर में दूसरा बम फटा, जिसमें छह लोग मारे गए। हालांकि मामले में अभी तक किसी भी समूह ने जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन संदिग्ध पाकिस्तान तालीबान और बलूच अलगाववादी समूह हैं। बलूचिस्तान में वर्षों से अलगाववादी हिंसा जारी है, जहां कई समूह केंद्र सरकार से स्वतंत्रता की मांग करते रहे हैं।
नेपाल की सैनिक बैरक से बाहर आए पूर्व प्रधानमंत्री केपी ओली
नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एकीकृत मार्क्सवादी-लेनिनवादी) एमाले के अध्यक्ष और पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली सैनिक बैरक से बाहर आ गए हैं। जेन-जी आंदोलन के दौरान सुरक्षा कारणों से नेपाली सेना ने उन्हें बैरक में रखा था। प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद वह 9 सितंबर से वहीं ठहरे हुए थे। अब ओली भक्तपुर के गुण्डु इलाके में स्थानांतरित हो गए हैं, जहां उनके लिए किराये का घर लिया गया है। बालकोट स्थित उनका निजी घर प्रदर्शनकारियों द्वारा जला दिए जाने के कारण उन्हें वहां से हटना पड़ा।
पांच मार्च के आम चुनाव के लिए पूरी तैयारी कर रही नेपाल की अंतरिम सरकार
नेपाल की अंतरिम सरकार ने कहा है कि देश में आम चुनाव समय पर होंगे। अगले साल पांच मार्च को होने वाले संसदीय चुनाव को सफलतापूर्वक कराने के लिए सरकार पूरी तैयारी कर रही है। नवनियुक्त गृह मंत्री ओम प्रकाश आर्यल ने सभी राजनीतिक दलों और संबंधित पक्षों से प्रतिनिधि सभा के आगामी चुनाव के लिए तैयार रहने को कहा। उन्होंने कहा, अगले साल 5 मार्च को संसदीय चुनाव कराने पर सरकार पूरी तरह ध्यान दे रही है।
पाकिस्तानी सिंधी समुदाय ने किया जिनेवा में प्रदर्शन
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद के 60वें सत्र के दौरान, सिंधी कार्यकर्ताओं और मानवाधिकार समूहों ने संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय के सामने विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने पाकिस्तान सरकार व उसके सैन्य प्रतिष्ठान द्वारा सिंधियों के साथ हो रहे व्यवस्थित दुर्व्यवहार और शोषण पर भी प्रकाश डाला। इन प्रदर्शनों के साथ-साथ सिंध पर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन और सिंधी मानवाधिकार प्रदर्शनी का भी आयोजन किया गया। इसमें जबरन गुमशुदगी, न्यायेतर हत्याएं, भूमि हड़पना, सिंधी लड़कियों का जबरन धर्मांतरण सहित कई मुद्दों पर चिंता जताई गई।
थाईलैंड में नई कैबिनेट को राजा की मंजूरी
थाईलैंड के राजा ने शुक्रवार को नई कैबिनेट को मंजूरी दे दी, जिसका नेतृत्व प्रधानमंत्री अनुतिन चार्नविराकुल करेंगे। पूर्व प्रधानमंत्री पैतोंगटार्न शिनावात्रा को पड़ोसी कंबोडिया के नेता से फोन पर विवादित बातचीत के कारण पद से हटाया गया था। जुलाई में हुए सीमा विवाद में दर्जनों लोगों की मौत के बाद जनता में आक्रोश बढ़ गया था। अनुतिन ने संसद में बहुमत न होने के बावजूद गठबंधन सरकार बनाई है। उन्होंने वादा किया कि चार महीने में संसद भंग कर जनता द्वारा चुनी गई संविधान सभा से नया संविधान तैयार करवाया जाएगा।
जेल में इमरान खान का आरोप- मानसिक प्रताड़ना दे रहे सेना प्रमुख
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने आरोप लगाया है कि सेना प्रमुख जनरल आसिम मुनीर जेल में उन्हें और उनकी पत्नी बुशरा बीबी को मानसिक प्रताड़ना दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका मकसद हमें झुकाना है। इमरान दो साल से जेल में हैं और अल-कादिर ट्रस्ट मामले में सजा काट रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि मुनीर ने अफगानिस्तान से संबंध बिगाड़े और ड्रोन हमलों से हालात तनावपूर्ण किए। खान ने देश की खराब अर्थव्यवस्था के लिए मौजूदा सरकार और सेना को जिम्मेदार ठहराया और 27 सितंबर को पेशावर रैली में पार्टी कार्यकर्ताओं से जुटने की अपील की।
ब्रिटिश जासूस प्रमुख बोले- पुतिन शांति नहीं चाहते
ब्रिटेन की खुफिया एजेंसी एमआई6 के प्रमुख रिचर्ड मूर ने शुक्रवार को कहा कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन यूक्रेन युद्ध खत्म करने के लिए बातचीत नहीं करना चाहते। इस्तांबुल में अपने विदाई संबोधन में मूर ने कहा कि पुतिन झूठ बोल रहे हैं और युद्ध को लंबा खींचना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि यूक्रेन की पहचान और पश्चिमी देशों के साथ उसका सहयोग इस युद्ध के कारण और मजबूत हुआ है। मूर ने यह भी बताया कि एमआई6 ने जासूसों की भर्ती के लिए डार्क वेब पोर्टल 'साइलेंट कूरियर' शुरू किया है।
सऊदी अरब के साथ आपसी रक्षा समझौता किसी तीसरे देश के खिलाफ नहीं- पाकिस्तान
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता शफकत अली खान ने कहा कि सऊदी अरब के साथ हाल ही में किया गया रक्षा समझौता किसी तीसरे देश के खिलाफ नहीं है। यह समझौता रक्षा सहयोग बढ़ाने और संयुक्त सुरक्षा सुनिश्चित करने की उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह समझौता क्षेत्र और दुनिया में शांति तथा सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए एक मील का पत्थर है।