अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का कहना है कि वे उम्मीद कर रहे हैं कि अगले महीने जून में उनकी चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से लाभदायक वार्ता होगी। फिलहाल दुनिया की इन दो बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच ट्रेड वॉर चल रही है।
सोमवार को व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि उन्हें अपने रूसी समकक्ष व्लादिमीर पुतिन से मिलने की उम्मीद है। ट्रंप ने शी के साथ अपनी मुलाकात की संभावना पर कहा, "हम बैठक करने जा रहे हैं, जैसा कि आप जानते हैं, जापान में जी-20 में। और जैसा मुझे लगता है, ये एक लाभदायक बैठक होगी।"
राष्ट्रपति ट्रंप ने ये बात ऐसे समय में कही जब अमेरिका और चीन के बीच ट्रेड वॉर चल रही है। शुक्रवार को ट्रंप ने 200 अरब डॉलर के चीन से आयातित सामान पर शुल्क 10 से बढ़ाकर 25 फीसदी कर दिया था। इसके बाद उन्होंने बाकी के 300 अरब डॉलर के चीनी सामान पर भी शुल्क बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू करने आदेश दे दिए थे।
ट्रंप ने कहा, "हम अभी चीन से सैकड़ों अरबों डॉलर लेंगे। मेरे कार्यकाल संभालने तक हम दस सेंट भी नहीं लेते थे। लेकिन अब हम अरबों ले रहे हैं। इससे पहले हमने कभी चीन से इतना नहीं लिया। हमने स्पष्ट रूप से पहले कभी किसी के साथ ऐसा नहीं किया है। क्योंकि उन्होंने हमारे व्यापार समझौतों का फायदा उठाया है।"
बता दें 23 मई को लोकसभा चुनाव के नतीजे घोषित होने के बाद जी-20 ऐसा पहला सम्मेलन होगा जिसमें भारत के प्रधानमंत्री और ट्रंप की मुलाकात होगी। हालांकि ट्रंप ने अपने ओवल ऑफिस में मीडिया से बातचीत में जी-20 सम्मेलन के दौरान पुतिन और शी के अलावा किसी और से बैठक करने का जिक्र नहीं किया है। ट्रेड वॉर के दौरान शी और ट्रंप की इस मुलाकात पर पूरी दुनिया की नजर होगी।
ट्रंप ने पुतिन के साथ वार्ता को अधिक महत्वपूर्ण बताया, साथ ही उन्होंने कहा कि अमेरिका का ऊर्जा व्यापार इस वक्त दुनिया में सबसे बड़ा है। ट्रंप ने कहा, "हम रूस से बड़े हैं। हम सऊदी अरब से बड़े हैं। हम सबसे बड़े हैं। ये सब मेरे राष्ट्रपति बनने के बाद ही संभव हो पाया है। और अब हम काफी पैसा ले रहे हैं।" उन्होंने कहा कि अमेरिका बहुत अच्छा कर रहा है। ट्रंप ने कहा, "हमने ऐसा पहले कभी नहीं किया और अब ऐसा होता रहेगा।"