शनिवार को रूस में तख्तापलट को लेकर मॉस्को की तरफ अपना दल लेकर आने वाले वैगनर समूह के मुखिया येवगेनी प्रिगोझिन के तेवर ठंडे पड़ गए और बेलारूस के राष्ट्रपति की बात मानकर अपने कदम पीछे खींच लिए। रूस की प्राइवेट आर्मी वैगनर के प्रमुख येवगेनी प्रिगोझिन ने सरकार के साथ तनाव कम करने के लिए हुए समझौते के तहत अपने सैनिकों को पड़ोसी देश बेलारूस जाने का आदेश दिया है। लेकिन इस बीच एक शीर्ष ब्रिटिश सैन्य प्रमुख लॉर्ड डैनट ने चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि वैगनर समूह अब बेलारूस से कीव पर हमला कर सकते हैं।
लॉर्ड डैनाट ने चेतावनी दी कि यदि प्रिगोझिन अपनी सेना को अपने साथ बेलारूस ले गए, तो कीव गंभीर संकट में पड़ सकता है। उनका मानना है कि प्रिगोझिन और वैगनर समूह का बेलारूस जाना उनका अंत नहीं है, उन्हें लगता है उनका बेलारूस जाना चिंता का विषय है। हम जो नहीं जानते, जो हमें अगले घंटों और दिनों में पता चलेगा, कितने लड़ाके वास्तव में उसके साथ गए हैं।
उन्होंने कहा कि अगर प्रिगोझिन बेलारूस गया है और उसने अपने पास एक प्रभावी लड़ाकू बल रखा है, तो वह फिर से कीव के निकटतम यूक्रेनी क्षेत्र के लिए खतरा पैदा कर सकता है। यह सब पिछले साल 24 फरवरी को शुरू हुआ था। साथ ही कहा कि ऐसा लग रहा है किस सब खत्म हो गया लेकिन मुझे नहीं लगता कि हुआ है इसकी गूंज काफी समय तक सुनाई देती रहेगी।
लॉर्ड डैनाट ने कहा कि यूक्रेन को बहुत सावधानी से देखने की जरूरत है और वे तैयार रहें ताकि बेलारूस की दिशा से नए हमले को नाकाम कर सकें।