यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने उस रूसी टीवी एडिटर की सराहना की है जिसने रूस के यूक्रेन पर हमले का विरोध करने के लिए अलग ही तरीका अपनाया था। इस महिला ने चैनल पर लाइव प्रसारण के दौरान एक संदेश लिखी तख्ती दिखाते हुए युद्ध का विरोध किया था। इस तख्ती पर लिखा था, 'यूद्ध रोको... वो हम सबको जेल में नहीं डाल सकते।'
जेलेंस्की ने इसे लेकर कहा कि मैं उन रूसी नागरिकों का आभारी हूं जो सच को सामने लाने के लिए कोशिश करना जारी रख रहे हैं। जो लोग गलत सूचनाओं के खिलाफ लड़ते हैं और अपने परिजनों को असली तथ्य और सच बताते हैं। इस महिला की पहचान मारिना ओव्स्यान्निकोवा को रूप में हुई है। वह रूसी टीवी चैनल पर्व्यी कनाल (चैनल वन) में एडिटर थीं।
उन्होंने चैनल के शाम के प्रमुख कार्यक्रम व्रेम्या के दौरान एक बैनर पर लिखा संदेश प्रदर्शित किया था। इसमें लिखा था, 'युद्ध रोको! प्रोपेगंडा में यकीन मत करो! वो यहां आपसे झूठ बोल रहे हैं! रूसी युद्ध के खिलाफ हैं।' जेलेंस्की ने मारिना को संबोधित करते हुए कहा कि आपका देश एक बहुत बड़ा उत्तर कोरिया न बन जाए इसके लिए आपको लड़ना होगा।
बैनर दिखाने के साथ मारिना ने युद्ध विरोधी नारे भी लगाए लेकिन तुरंत ही प्रसारण रोक दिया गया। इस बहादुरी पूर्ण कदम से पहले मारिना ने घर पर एक वीडियो भी रिकॉर्ड किया था। इसमें उसने कहा था कि 'इस हमले के लिए केवल एक व्यक्ति जिम्मेदार है: व्लादिमीर पुतिन।' वहीं, कहा जा रहा है कि इस काम के लिए उसे 15 साल तक जेल हो सकती है।
इस घटना के बाद मारिना को गिरफ्तार कर लिया गया था। जानकारी के अनुसार मारिना को मॉस्को को ओस्टांकिनो पुलिस स्टेशन में रखा गया है। लेकिन, उसके वकील दिमित्री जख्वातोव का कहना है कि मैं अपनी क्लाइंट से संपर्क नहीं कर पा रहा हूं।
चैनल वन सोवियत यूनियन के पतन के बाद रूसी संघ में प्रसारित होने वाला पहला स्टेशन था। इसके पूरी दुनिया में 25 करोड़ से अधिक दर्शक हैं। उधर, रूस ने भी मारिना के इस कदम पर प्रतिक्रिया दी है और उन्हें उपद्रवी बताया है। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा कि जहां तक इस महिला का सवाल है, यह उपद्रव है। उन्होंने चैनल वन की तारीफ की।
मारिना की मां रूस से, पिता यूक्रेनी
चैनल वन पर होने वाला यह लाइव समाचार शो सोवियत संघ के समय से चला आ रहा है और देश भर में लाखों लोगों द्वारा देखा जाता है। रूसी लोगों में यह शो काफी लोकप्रिय है। रूसी समाचार एजेंसी तास ने एक कानून प्रवर्तन स्रोत का हवाला देते हुए कहा कि महिला को हिरासत में लिया गया है। उस पर सार्वजनिक प्रतिबंध लगाने वाले कानून के तहत आरोप लगाया जा सकता है जिसका मकसद रूसी सेना को बदनाम करना है। बता दें, मारिना ओव्स्यानिकोवा की मां रूस से हैं और पिता यूक्रेनी हैं। वीडियो में वे कहती हैं, मैं यूक्रेन को दुश्मन के तौर पर नहीं देखती।