कोरोना जांच के लिए नमूना एकत्र करती स्वास्थ्यकर्मी।
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अमेरिकी रोग रोकथाम एवं नियंत्रण केंद्र (सीडीसी) ने यात्रा परामर्श जारी करते हुए अमेरिकी नागरिकों को सलाह दी है कि वे भारत में संक्रमण का अत्यधिक फैलाव देखते हुए वहां की यात्रा से बचें। अमेरिका ने कोविड-19 संबंधी यात्रा परामर्श के लिए चार स्तरीय प्रणाली अपनाई है और ताजा यात्रा परामर्श में भारत को ‘स्तर-चार के सबसे उच्च स्तर’ में रखा है।
विभाग ने सोमवार को कहा, कोविड-19 महामारी यात्रियों के लिए अप्रत्याशित खतरा बनी हुई है। सीडीसी से अमेरिकियों से भारत यात्रा न करने की अपील करते हुए कहा है कि यहां मौजूदा हालात के चलते टीकाकरण करा चुके यात्रियों के भी कोविड-19 के विभिन्न स्वरूपों से संक्रमित होने का खतरा है। ऐसे में यदि भारत जाना बेहद जरूरी हो तब भी यात्रा से पहले अपना टीकाकरण अवश्य कराएं। सभी यात्रियों को मास्क पहनना चाहिए, अन्य लोगों से छह फुट की दूरी रखनी चाहिए, भीड़ से बचना चाहिए और अपने हाथ धोने चाहिए।
ब्रिटेन ने भारतीय नागरिकों के प्रवेश पर लगाई रोक
बता दें कि इससे पहले ब्रिटेन ने भारत के नागरिकों के प्रवेश पर रोक लगा दी है। देश में लगातार बढ़ रहे कोरोना के मामलों के चलते ब्रिटेन ने भारत को यात्रा श्रेणी की 'रेड लिस्ट' में डाल दिया है। ब्रिटेन के स्वास्थ्य मंत्री के अनुसार कोरोना के कथित भारतीय स्वरूप के 103 मामले मिलने के बाद यह फैसला लिया गया है। हालांकि भारत से उन लोगों को प्रवेश की इजाजत होगी जिनके पास ब्रिटेन या फिर आयरिश की नागरिकता है। वहीं इससे पहले पाकिस्तान ने भी कोविड-19 मामलों में रिकॉर्ड वृद्धि के चलते भारत से यात्रियों के आने पर दो सप्ताह के लिए रोक लगाने का सोमवार को फैसला किया।
बता दें कि ब्रिटेन ने भारत को उन देशों की 'लाल सूची' में डाल दिया है। इसके तहत गैर-ब्रितानी और आइरिश नागरिकों के भारत से ब्रिटेन जाने पर पाबंदी रहेगी। साथ ही विदेश से लौटे ब्रितानी लोगों के लिए होटल में 10 दिन तक पृथकवास में रहना अनिवार्य कर दिया है।