लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन कई विशेष कमांड का नेतृत्व भी कर चुके हैं। इनमें से कुछ पेंटागन के कुछ खुफिया ऑपरेशन भी हैं। लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन की नियुक्ति की पुष्टि ऐसे समय हुई है, जब दो महीने पहले ही राष्ट्रपति ट्रंप ने पूर्व ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ जनरल सीक्यू ब्राउन जूनियर को पद से हटा दिया था।
अमेरिकी सीनेट ने ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ के पद पर लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन के नाम को मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा नामित लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन अमेरिका के अगले ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ होंगे। यह पद बीते दो महीने से खाली था क्योंकि पूर्व ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ को राष्ट्रपति ट्रंप ने बर्खास्त कर दिया था। नए ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ अमेरिकी वायुसेना के प्रतिष्ठित एफ-16 फाइटर प्लेन के पायलट रहे हैं।
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अमेरिकी वायुसेना के शीर्ष अधिकारी रहे हैं केन
लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन कई विशेष कमांड का नेतृत्व भी कर चुके हैं। इनमें से कुछ पेंटागन के कुछ खुफिया ऑपरेशन भी हैं। हालांकि वे साल 1986 में बने कानून के तहत ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ बनने की योग्यता को पूरा नहीं करते हैं, लेकिन अमेरिका में प्रावधान है कि देशहित को ध्यान में रखते हुए राष्ट्रपति कुछ नियमों में छूट दे सकते हैं। लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन की नियुक्ति की पुष्टि ऐसे समय हुई है, जब दो महीने पहले ही राष्ट्रपति ट्रंप ने पूर्व ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ जनरल सीक्यू ब्राउन जूनियर को पद से हटा दिया था।
दरअसल जनरल सीक्यू ब्राउन जूनियर सेना की विभिन्न रैंक में समानता, विविधता का समर्थन करते हैं। माना जा रहा है कि राष्ट्रपति ट्रंप ने इससे नाराज होकर उन्हें पद से हटा दिया था। ट्रंप पहले ही अमेरिका में समानता और विविधता कार्यक्रम को बंद करने का आदेश दे चुके हैं। सीनेट ने 60-25 मतों से लेफ्टिनेंट जनरल डैन केन के नाम पर सहमति जताई।