अमेरिका के स्वास्थ्य और मानव सेवा विभाग (एचएचएस)में बड़े पैमाने पर कर्मचारियों को नौकरी ने निकालना शुरू कर दिया है। मंगलवार को कर्मचारियों को बर्खास्तगी के नोटिस मिलने शुरू हो गए। ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं कि, ट्रंप सरकार 10,000 लोगों को नौकरी से निकाल सकती है।
बता दें कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से एचएचएस व अन्य सरकारी एजेंसियों में कर्मचारियों के सामूहिक सौदेबाजी के अधिकार को छीनने का एलान कर चुके हैं। विश्व की अग्रणी स्वास्थ्य एवं चिकित्सा एजेंसी नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ में छंटनी तब शुरू हुई, जब इसके नए निदेशक डॉ. जय भट्टाचार्य के कामकाज का पहला दिन था।
स्वास्थ्य मंत्री रॉबर्ट एफ. कैनेडी जूनियर ने पिछले सप्ताह विभाग के पुनर्गठन की योजना की घोषणा की थी। यह विभाग अपनी एजेंसियों के माध्यम से स्वास्थ्य प्रवृत्तियों व बीमारी के प्रकोपों पर नजर रखने, चिकित्सा अनुसंधान का संचालन व वित्तपोषण करने तथा भोजन एवं दवा की सुरक्षा की निगरानी करने के साथ-साथ देश के लगभग आधे हिस्से के लिए स्वास्थ्य बीमा कार्यक्रमों का संचालन करने के लिए जिम्मेदार है। योजना के अनुसार व्यसन सेवाओं व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर अरबों डॉलर खर्च करने वाली एजेंसियों को एक नए कार्यालय के तहत एकीकृत किया जाएगा। इसका नाम एडमिनिस्ट्रेशन फॉर ए हेल्दी अमेरिका होगा।
छंटनी के कारण एचएचएस के कर्मचारियों की संख्या घटकर 62 हजार रह जाने की उम्मीद है। करीब एक चौथाई कर्मचारी छंटनी का शिकार बनेंगे, जबकि लगभग 10 हजार कर्मचारियों ने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति जैसे विकल्पों को चुना है।
क्या करता है यह विभाग?
अमेरिकी स्वास्थ्य और मानव सेवा विभाग का काम संक्रामक बीमारियों की निगरानी, खाने-पीने की चीजों और अस्पतालों की जांच करना है। इसके अलावा, यह विभाग स्वास्थ्य बीमा से जुड़े कार्यक्रमों की देखरेख करता है, जिससे अमेरिका की लगभग आधी आबादी को फायदा मिलता है।
कितने लोगों की जाएगी नौकरी?
विभाग की तरफ से कहा गया है कि उसकी कुल 82 हजार कर्मचारियों की संख्या घटाकर 62 हजार कर दी जाएगी। यानी, कुल 20 हजार पद खत्म किए जाएंगे। इनमें 10 हजार कर्मचारी सीधे तौर पर नौकरी से निकाले जाएंगे। बाकी 10 हजार कर्मचारी स्वेच्छा से रिटायर होंगे या सरकार की तरफ से दिए गए पैकेज लेकर पद छोड़ देंगे।
ट्रंप प्रशासन की भूमिका
यह छंटनी अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन की नीति के तहत हो रही है, जिसमें स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति और नौकरी छोड़ने के लिए विशेष पैकेज दिए गए हैं