अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आगामी व्हाइट हाउस चुनाव के हार के नतीजों को स्वीकार करने को लेकर सार्वजनिक प्रतिबद्धता जताने से इनकार कर दिया है। इसके लिए उन्होंने 2016 के चुनावों से हफ्तों पहले लगाई जा रही कयासों का जिक्र किया।
कई सर्वेक्षणों में ट्रंप को डेमोक्रेट उम्मीदवार जो बिडेन से पीछे बताया जा रहा है। एक न्यूज चैनल को दिए साक्षात्कार में ट्रंप ने कहा कि चुनाव परिणामों को लेकर अभी टिप्पणी करना जल्दबाजी होगी। उन्होंने कहा कि वह अभी न तो हां और न ही नहीं कहने जा रहे हैं और पिछली बार भी उन्होंने ऐसा ही किया था। उन्होंने कहा कि पहली बात, वह चुनाव नहीं हार रहे हैं क्योंकि ये फर्जी पोल हैं। 2016 में भी फर्जी पोल हुए थे और अब फिर से हो रहे हैं।
मौजूदा राष्ट्रपति का ऐसा कहना अमेरिकी लोकतंत्र की चुनावी प्रक्रिया पर पूर्ण विश्वास को कमतर दिखाता है लेकिन ट्रंप के लिए यह नया नहीं है। चार साल पहले हुए अमेरिकी चुनाव के कई सर्वेक्षणों में डेमोक्रेट हिलेरी क्लिंटन से कड़ी टक्कर मिलने की बात कही जा रही थी तो कई में उनकी हार का आकलन लगाया जा रहा था लेकिन उन्होंने कहा था कि यदि डेमोक्रेट जीतता है तो वह चुनाव परिणामों का सम्मान करने को लेकर कोई प्रतिबद्धता नहीं जताएंगे।