संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी मिशन ने बृहस्पतिवार देर शाम एलान किया कि उसकी यूएन राजदूत कैली क्राफ्ट 13 से 15 जनवरी के बीच ताइवान का दौरा करेंगी। वे ताइवान में अधिकारियों के साथ बैठक भी करेंगी। इस घोषणा के बाद से चीन बुरी तरह तिलमिला गया है। उसने अमेरिका को यह धमकी तक दे डाली कि वह आग से खेल रहा है।
ताइवानी अधिकारियों की बैठक भी लेंगी संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत कैली क्राफ्ट
बता दें कि ताइवान को अपना हिस्सा मानता है और उसे एक अलग देश के रूप में मान्यता नहीं देने के कारण किसी दूसरे देश के रिश्ते ताइवान से जुड़ने देना नहीं चाहता है। जबकि अमेरिका लगातार ताइवान को समर्थन दे रहा है जिससे चीन काफी नाराज है और दोनों के बीच इससे संबंध और भी तनावपूर्ण हो गए हैं।
अमेरिकी मिशन ने कहा कि इस दौरे के दौरान संयुक्त राष्ट्र में अमेरिकी राजदूत कैली क्राफ्ट विश्व बिरादरी के लिए ताइवान के योगदान और अंतरराष्ट्रीय संगठनों में ताइवानी भागीदारी के महत्व पर भाषण भी देंगी।
चीन ने कहा कि वह अमेरिकी राजदूत की इस यात्रा का दृढ़ता से विरोध करता है। चीन के यूएन मिशन ने कहा कि हम अमेरिका को याद दिलाना चाहते हैं कि जो भी आग से खेलेगा वह खुद जल जाएगा। अमेरिका इस गलत कदम के लिए भारी कीमत चुकाएगा।
ताइवानी क्षेत्र में लड़ाकू जेट भेज चुका है चीन
चीन ने अमेरिका से कहा कि वह अपने उकसावे वाले कदम उठाना बंद करे और संयुक्त राष्ट्र में दोनों देशों के सहयोग के बीच नई कठिनाइयां पैदा न करे। इससे पहले अगस्त-2020 में अमेरिका के स्वास्थ्य एवं मानव सेवा मंत्री एलेक्स अजार और सितंबर में अमेरिकी आर्थिक वृद्धि, ऊर्जा और पर्यावरण उपमंत्री कीथ क्रैक के ताइवान दौरे के दौरान चीन ने ताइवानी क्षेत्र में लड़ाकू जेट भेजे थे।