रहस्यमय कोरोना वायरस चीन में इंसान से इंसान के बीच फैल रहा है। वहां इससे अब तक छह मौतें हो चुकी हैं। वहीं देश भर में इस वायरस से पीड़ित लोगों की संख्या 300 के पार होने के बाद देश भर में अलर्ट जारी किया गया है।
डब्ल्यूएचओ ने बुलाई आपात बैठक
यह वायरस वुहान के बाद बीजिंग समेत अन्य चीनी शहरों में फैला है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने इस पर आज आपात बैठक बुला ली है। चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने इस संकट पर दिए अपने पहले बयान में कहा ‘वुहान एवं अन्य जगहों पर फैले नए कोरोना वायरस निमोनिया को गंभीरता से लेना है।'
चीन में विशेषज्ञ दल के प्रमुख ने सरकार से अपील की है कि वह इस वायरस पर काबू पाने के लिए हरसंभव कोशिश करे। जिनेवा से मिली जानकारी के मुताबिक, डब्ल्यूएचओ अपनी बैठक में तय करेगा कि कोरोना वायरस से फैल रही बीमारी को अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य आपातकाल घोषित करने की जरूरत है या नहीं।
वुहान चिकित्सा और स्वास्थ्य आयोग इस मामले में सतर्क हो चुका है और हर इलाके में वायरस से पीड़ित लोगों की पहचान के लिए निर्देश दिए हैं। अभी तक छह की मौत हो गई और अन्य 25 लोगों को अस्पताल से छुट्टी मिल गई है। लेकिन 900 से अधिक लोगों को चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है।
चीनी राजकीय चिकित्सा और स्वास्थ्य आयोग कोरोना वायरस संक्रमित न्यूमोनिया महामारी की रोकथाम के बारे में जानकारी दी कि मौजूदा महामारी की रोकथाम संभव है और उसका नियंत्रण भी किया जा सकता है। लेकिन नये वायरस के संक्रमण का स्रोत अभी तक खोजा नहीं गया है और संक्रमण के माध्यमों का पूरा पता नहीं चला है। इसलिए वायरस के म्यूटेशन पर कड़ी नजर रखने की सख्त जरूरत है।
कोरोनावायरस को लेकर सतर्कता बरतते हुए तमाम देशों की तरह भारत ने भी अपने हवाई अड्डों पर जांच के इंतजाम करने शुरू कर दिए हैं। दिल्ली, मुंबई और कोलकाता समेत देश के सात हवाई अड्डों पर चीन से आने वाले यात्रियों की जांच के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। जांच की सुविधा चेन्नई, बेंगलुरु, हैदराबाद और कोचीन में भी उपलब्ध होगी।
इन एयरपोर्ट पर थर्मल स्क्रीनिंग के जरिए यात्रियों की जांच हो रही है। एक बयान के मुताबिक हांगकांग समेत चीन से आने वाली उड़ानों के अंदर घोषणा की जा रही है कि बुखार या सर्दी के लक्षण से ग्रस्त कोई यात्री और ऐसा कोई यात्री जो बीते 14 दिनों के अंदर वुहान की यात्रा पर गया हो वह एयरपोर्ट पर पहुंच तुरंत इसकी जानकारी दे।