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Britain: ब्रिटिश उद्योग निकाय ने भारत भेजा पहला व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल, FTA के अवसरों पर चर्चा करना लक्ष्य

Mon, 06 Feb 2023 04:30 PM IST
निर्मल कांत वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, लंदन

सार

सीबीआई ने कहा कि प्रतिनिधिमंडल प्रमुख विकास क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करेगा, जिससे ब्रिटेन और भारतीय व्यवसाय नवाचार (इनोवेशन) और स्थिरता जैसी लाभदायक साझेदारी विकसित कर सकते हैं।
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ऋषि सुनक और नरेंद्र मोदी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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ब्रिटिश उद्योग परिसंघ (सीबीआई) ने सोमवार को अपना पहला व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल भारत भेजा है, जिसका उद्देश्य लंदन और नई दिल्ली के बीच चल रहे मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) से अवसरों को खोलना है।

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सीबीआई सभी आकारों और क्षेत्रों के 1 लाख 90 हजार ब्रिटिश व्यवसायों का निकाय है। उद्योग निकाय ने मुंबई और नई दिल्ली को कवर करते हुए तीन दिवसीय यात्रा शुरू की। यह निकाय एचएसबीसी, आईसीआईसीआई बैंक, फिनटेक फर्म टाइड और वाइन और स्पिरिट प्रमुख पेरनोड रिकार्ड सहित ब्रिटिश और भारतीय व्यवसायियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात करेगा।

सीबीआई ने कहा कि प्रतिनिधिमंडल प्रमुख विकास क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करेगा, जिससे ब्रिटेन और भारतीय व्यवसाय नवाचार (इनोवेशन) और स्थिरता जैसी लाभदायक साझेदारी विकसित कर सकते हैं।
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ब्रिटेन के व्यापार नीति मंत्री ग्रेग हैंड्स ने कहा, भारत-ब्रिटेन संबंध मजबूत हो रहे हैं, इसलिए यह अच्छा है कि सीबीआई भारत में अपना पहला व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल भेज रही है। उन्होंने कहा, भारत 2050 तक एक अरब मध्यम वर्ग के उपभोक्ताओं के साथ तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की राह पर है, इसलिए हम उनके साथ जिस मुक्त व्यापार सौदे पर बातचीत कर रहे हैं, जो ब्रिटेन की फर्मों के लिए भारी लाभ का रास्ता खोल सकता है। 

यह यात्रा ऐसे समय में हो रही है, जब ब्रिटेन भारत के साथ सातवें दौर की एफटीए वार्ता की मेजबानी की तैयारी कर रहा है। सीबीआई के अनुसार, संभावित समझौते से 2035 तक भारत के साथ व्यापार में सालाना 28 अरब पाउंड की वृद्धि हो सकती है और पूरे ब्रिटेन में तनख्वाह में 3 अरब पाउंड की वृद्धि हो सकती है। 

व्यापार प्रतिनिधिमंडल का उद्देश्य भारतीय बाजार में विकास के अवसरों पर चर्चा करना है और नई दिल्ली में ब्रिटिश उच्चायोग और भारत सरकार के ब्रिटेन में व्यवसायों और प्रमुख वरिष्ठ हितधारकों को एक साथ लाना है।

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