भारतीय मूल की दो महिलाओं को न्यूयॉर्क शहर के क्रिमिनल एंड सिविल कोर्ट्स का जज नियुक्त किया गया है। न्यूयॉर्क सिटी के मेयर बिल डी ब्लासियो ने जज अर्चना राव को क्रिमिनल कोर्ट में नियुक्त किया। इसके साथ ही जज दीपा आंबेकर (43) को सिविल कोर्ट में पुनर्नियुक्त किया गया है।
अर्चना राव को जनवरी 2019 में दीवानी अदालत में अंतरिम न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया था। वह न्यूयॉर्क काउंटी डिस्ट्रिक्ट अटॉर्नी ऑफिस में 17 वर्ष तक कार्यरत रही थीं। वह फाइनेंशियल फ्रॉड्स ब्यूरो की प्रमुख भी हैं और वस्सार कॉलेज से स्नातक हैं। उन्होंने फॉर्दम यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ लॉ से डॉक्टरेट की डिग्री हासिल की है।
आंबेकर पहली बार मई 2018 में सिविल कोर्ट में अंतरिम जज बनी थीं। वह कमेटी ऑन पब्लिक सेफ्टी (जन सुरक्षा समिति) में वरिष्ठ लेजिस्लेटिव अटॉर्नी और काउंसेल (सलाहकार) भी रह चुकीं हैं। वह मिशिगन यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएट हैं और रूटर लॉ स्कूल से डॉक्टरेट की डिग्री हासिल की है।
आंबेकर ने न्यूयॉर्क सिटी काउंसिल के साथ तीन साल तक सीनियर लेजिस्लेटिव अटॉर्नी और सार्वजनिक सुरक्षा समिति के वकील के रूप में कार्य किया है। उन्होंने मिशिगन यूनिवर्सिटी से स्नातक की डिग्री ली है।
न्यूयॉर्क के मेयर ने विभिन्न न्यायालयों में की 28 जजों की नियुक्ति
मेयर ने फैमिली कोर्ट, क्रिमिनल कोर्ट और सिविल कोर्ट में 28 जजों की नियुक्ति और पुनर्नियुक्ति की है। मेयर डी ब्लासियो ने कहा, ‘यह नियुक्ति न्यूयॉर्क की जनता को गौरव के साथ नेतृत्व करेगा। वे हमारे न्यायालय की निगरानी के लिए अथक प्रयास करेंगी। उनका काम यह सुनिश्चित करने के लिए अहम होगा कि हम सभी के लिए न्यूयॉर्क एक उचित शहर बना रहे।’