सेना की मीडिया शाखा ने बयान में क्या कहा?
इस्लामी देश की खुफिया एजेंसी इंटर सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) के मुताबिक, आतंकवादियों ने रविवार को पाकिस्तान के उत्तरी वजीरिस्तान जिले के स्पिनवाम क्षेत्र में एक सुरक्षा जांच चौकी पर गोलीबारी की, जिसका सेना ने तत्काल जवाब दिया। आईएसपीआर ने कहा, गोलीबारी में दो आतंकवादी मारे गए जबकि दो अन्य को गोला-बारूद के साथ पकड़ा गया। गोलीबारी में पाकिस्तानी सेना के दो अधिकारी भी मारे गए हैं। सेना की मीडिया शाखा ने कहा कि आतंकवादियों के सफाए के लिए इलाके की तलाशी ली जा रही है।
प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने की हमले की निंदा
प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने हमले की निंदा की है और पाकिस्तानी सेना के दोनों अधिकारियों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। हमले की अभी तक किसी भी आतंकी संगठन ने जिम्मेदारी नहीं ली है। रविवार की घटना देशभर में आतंकवादी हमलों में वृद्धि के बीच हुई। पाकिस्तान आतंकवाद की लहर से प्रभावित है। देश का खैबर पख्तूनख्वा प्रांत, बलूचिस्तान, पंजाब और सिंध प्रांत इससे सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।
पिछले माह पेशावर की मस्जिद पर हुआ था बड़ा हमला
30 जनवरी को पेशावर की एक मस्जिद में दोपहर की नमाज के दौरान तालिबान के एक आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया था, जिसमें 101 लोगों की मौत हो गई थी और 200 से अधिक लोग घायल हो गए थे। पिछले साल नवंबर में प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) ने जून 2022 में सरकार के साथ हुए अनिश्चितकालीन संघर्ष विराम को रद्द कर दिया था और अपने आतंकवादियों को सुरक्षा बलों पर हमले करने का आदेश दिया था।
संघर्ष विराम खत्म होने के बाद टीटीपी के हमले तेज
पाकिस्तान को उम्मीद थी कि सत्ता में आने के बाद अफगान तालिबान, टीटीपी के गुर्गों के खिलाफ कार्रवाई करेगा और पाकिस्तान के खिलाफ अपनी जमीन का इस्तेमाल बंद कर देगा। लेकिन तालिबान के सत्ता में आने के बाद से देशभर में हमले तेज हो गए हैं। पिछले हफ्ते, अफगानिस्तान में तालिबान के नेतृत्व वाली सरकार ने पहली बार पाकिस्तान को प्रस्ताव दिया था कि वह पाकिस्तान-अफगान सीमा क्षेत्रों से प्रतिबंधित टीटीपी सदस्यों और उनके 30 हजार से ज्यादा निशस्त्र करने के लिए तैयार है लेकिन पाकिस्तान सरकार उनके पुनर्वास का खर्च वहन करे। वर्ष 2007 में कई आतंकवादी संगठनों के समूह के रूप में टीटीपी का गठन किया गया था।