अमेरिकी ट्रैवल मैनेजमेंट फर्म सीडब्ल्यूटी ने कहा है कि हैकर्स ने उसके कंपनी की फाइल चुरा ली। जिसके बदले में उसे करोड़ों रुपये देने पड़े। कंपनी का कहना है कि उसने इस सप्ताह हैकर्स को 4.5 मिलियन डॉलर (करीब 33 करोड़ रुपये) दिए हैं।
कंपनी ने कहा कि हैकर्स ने कॉर्पोरेट फाइलों की रीड चुराई थी। इसके अलावा 30 हजार कंप्यूटरों को ऑफलाइन नॉक्ड किया था। कंपनी ने कहा कि हैकर ने रागनार लॉकर नामक रैंसमवेयर का उपयोग किया था, जो कंप्यूटर फाइलों को एन्क्रिप्ट करता है और उन्हें अनुपयोगी बनाता है। जब तक इसका भुगतान नहीं होता तब यह काम नहीं करता।
समाचार एजेंसी रायटर्स के मुताबिक, हैकर्स और कंपनी के एक प्रतिनिधि के बीच फिरौती की बातचीत रिकॉर्ड की गई। दोनों के बीच के ऑनलाइन चैट को सार्वजनिक किया गया।