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Top-10 Secret Agencies: ये हैं दुनिया की टॉप-10 खुफिया एजेंसी, जानें भारत आगे या पाकिस्तान, इस्राइल-अमेरिका में कौन टॉप पर?

Wed, 08 Jun 2022 02:41 PM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

सार

अमर उजाला आपको बता रहा है दुनिया की 10 सबसे शक्तिशाली खुफिया एजेंसियों के बारे में, जिनकी चर्चा पूरी दुनिया में सबसे बेहतरीन सीक्रेट एजेंसियों के तौर पर होती है।
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दुनिया की टॉप-10 खुफिया एजेंसियां। - फोटो : Social Media
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विस्तार
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किसी भी देश की सुरक्षा के लिए उसकी खुफिया एजेंसियों की भूमिका सबसे अहम होती है। फिर चाहे वह आंतरिक सुरक्षा की बात हो या सीमाओं की सुरक्षा के लिए। लगभग सभी देशों ने इन कामों के लिए एक खुफिया तंत्र बिठाकर रखा है। इन एजेंसियों में काम करने वाले लोग और तरीके किसी को पता नहीं होते हैं। ऐसे में अमर उजाला आपको बता रहा है दुनिया की 10 सबसे शक्तिशाली खुफिया एजेंसियों के बारे में, जिनकी चर्चा पूरी दुनिया में सबसे बेहतरीन सीक्रेट एजेंसियों के तौर पर होती है।
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1. सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी (सीआईए)
अमेरिका की बहुचर्चित खुफिया एजेंसी सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी (सीआईए) है। 1947 में तत्कालीन राष्ट्रपति हैरी ए ट्रूमैन ने इसकी स्थापना की थी। सीआईए चार हिस्सों में बंटी हुई है। वाशिंगटन के पास वर्जीनिया में इसका मुख्यालय है। सीआईए डायरेक्टर ऑफ नेशनल इंटेलिजेंस को रिपोर्ट करती है। साइबर क्राइम, आतंकवाद रोकने समेत सीआईए देश की सुरक्षा के लिए काम करती है।

2. मोसाद
इस्राइल की राष्ट्रीय खुफिया एजेंसी मोसाद को सभी खुफिया एजेंसियों का गॉडफादर कहा जाता है। मोसाद की स्थापना 13 दिसम्बर, 1949 को की गई थी। इसका मुख्यालय तेल अवीव में स्थित है। यह एजेंसी दुनिया के कुछ सबसे साहसी अंडरवर्ल्ड ऑपरेशनों में शामिल रही है।मोसाद की प्रमुख जिम्मेदारी खुफिया तरीके से देश की रक्षा करना और आतंकवाद के खिलाफ कार्य करना हे जिसमें यहूदियों को उन राष्ट्रों से इसराइल लाना भी शामिल है।
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3. रिसर्च एंड एनालिसिसि विंग (आर एंड एडब्ल्यू)
भारत की खुफिया एजेंसी आर एंड एडब्ल्यू यानी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग को दुनिया की ताकतवर खुफिया एजेंसियों में माना जाता है। इसका मुख्यालय दिल्ली में स्थित है। आर एंड एडब्ल्यू की स्थापना 1968 में की गई थी। इस एजेंसी की खास बात ये है कि ये भारत के प्रधानमंत्री के अलावा किसी के प्रति जवाबदेह नहीं है। आरएंडएडब्ल्यू विदेशी मामलों, अपराधियों, आतंकियों के बारे में पूरी जानकारी रखती है। वहीं, इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) भी देश की सुरक्षा के लिए काम करती है।

4. मिलिट्री इंटेलिजेंस सेक्शन-6 (एमआई-6)
यूनाइटेड किंगडम की मिलिट्री इंटेलिजेंस सेक्शन-6 (एमआई-6) खुफिया एजेंसी है। सबसे पुरानी खुफिया एजेंसियों में से एक एमआई-6 की स्थापना 1909 में की गई थी। डिफेंस, सरकार के साथ जानकारी साझा करने जैसे काम करती है एमआई-6 ज्वाइंट इंटेलिजेंस। देश की संस्थाओं पर नजर रखने का काम भी एमआई-6 के जिम्मे है।

5. मिनिस्ट्री ऑफ स्टेट सेफ्टी (एमएसएस)
चीन की खुफिया एजेंसी मिनिस्ट्री ऑफ स्टेट सेफ्टी (एमएसएस) को लेकर कई जानकारियां साफ नहीं हैं। हालांकि, अब तक जो जानकारियां सामने आई हैं, उसके मुताबिक, एमएसएस की स्थापना 1983 में हुई थी। इसका मुख्यालय चीन की राजधानी बीजिंग में है। इस एजेंसी के जिम्मे काउंटर इंटेलिजेंस ऑपरेशंस और विदेशी खुफिया ऑपरेशन्स को चलाना है।

6. इंटर सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई)
पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई (इंटर सर्विसेज इंटेलिजेंस) की स्थापना साल 1948 में हुई थी। इसका मुख्यालय इस्लामाबाद के शहराह-ए-सुहरावर्दी में है। इसकी नींव ऑस्ट्रेलियाई मूल के ब्रिटिश आर्मी ऑफिसर मेजर जनरल आर. कैथोम ने रखी थी, जो उस वक्त पाकिस्तानी आर्मी स्टाफ के मुख्य थे। देश की सुरक्षा के नाम पर आईएसआई पर आए दिन आतंकवाद को बढ़ावा देने के आरोप लगते हैं, कई आतंकी हमलों में उसका हाथ माना जाता है।

7. डायरेक्टर जनरल डे ला सिक्योरिटी एक्सटीरियर (डीजीएसई)
फ्रांस की इंटेलिजेंस एजेंसी डायरेक्टर जनरल डे ला सिक्योरिटी एक्सटीरियर (डीजीएसई) को 2 अप्रैल 1982 में बनाया गया था, जिसका मकसद फ्रांस सरकार के लिए विदेशों से खुफिया जानकारी एकत्र करना था। डीजीएसई का मुख्यालय पेरिस में है। डीजीएसई फ्रांसीसी रक्षा मंत्रालय के निर्देशों के तहत काम करता है। फ्रांस सरकार डीजीएसई पर हर साल करोड़ों डॉलर खर्च करती है। 5000 से ज्यादा कर्मचारी इसके अंतर्गत काम करते हैं। यह देश को विभिन्न आतंकी खतरों के बारे में सूचना देती है। अल्जीरिया और अरब आतंकवादियों के टार्गेट पर रहने वाले फ्रांस को इस एजेंसी ने कई मौकों पर सफलता दिलाई है। यह एजेंसी फ्रांसीसी पुलिस बल के साथ कदम से कदम मिलाकर काम करती है।

8. फेडरल सिक्योरिटी सर्विस (एफएसबी)
एक जमाने में सीआईए की टक्कर की मानी जाने वाली रूस की खुफिया एजेंसी केजीबी सोवियत संघ के विघटन के बाद खात्मे पर पहुंच गई। हालांकि, रूसी सरकार ने इसके रिप्लेसमेंट के तौर पर फेडरल सिक्योरिटी सर्विस (एफएसबी) का गठन किया। एफएसबी की स्थापना 12 अप्रैल 1995 को हुई थी। एफएसबी का मुख्यालय मॉस्को में है। खुफिया से जुड़े मामलों के अलावा एफएसबी बॉर्डर से जुड़े मामलों पर भी गहरी नजर रखती है।

9. बुंदेस नाखरिश्तेनडिएंस्ट (बीएनडी) 
जर्मनी की खुफिया एजेंसी बीएनडी है। जर्मनी ने सन 1965 में बुंदेस नाखरिश्तेनडिएंस्ट नाम की इस एजेंसी की स्थापना की थी। पुल्लाक और बर्लिन दो जगह इसके ऑफिस हैं। तकनीकी रूप से यह एजेंसी दुनिया की सर्वश्रेष्ठ खुफिया एजेंसी है। इसकी निगरानी प्रणाली को विश्व स्तर पर सबसे अच्छा माना जाता है। यह अपनी तकनीकी विशेषता के कारण जर्मनी को या तो खतरे से पहले ही अवगत करा देती है या फिर उसे नष्ट कर देती है। मध्य पूर्व और लातिन अमेरिका के बारे में जानकारी जुटाने में इस एजेंसी का पूर्व इतिहास रहा है। 

10. अस्ट्रेलियन सीक्रेट इंटेलीजेस सर्विस (एएसआईएस)
ऑस्ट्रेलियन सीक्रेट इंटेलिजेंस सर्विस (एएसआईएस) ऑस्ट्रेलिया की खुफिया एजेंसी है। इसका हेडक्वॉर्टर कैनबरा में है। एएसआईएस का गठन 1952 में हुआ था। अस्ट्रेलिया हमेशा ही अंतराष्ट्रीय संकटों से दूर रहा है। इसके पीछे की एक वजह है इसकी इंटेलिजेंस एजेंसी। यह सबसे कुशल खुफिया एजेंसियों में से एक है इसकी मुख्य कार्यक्षेत्र एशिया महाद्वीप और प्रशांत क्षेत्र है। इसके एजेंट दुनियाभर में हैं। यह एजेंसी इतनी गोपनीयता से काम करती है कि इसकी ज्यादातर गतिविधियों के बारे में खुद अस्ट्रेलियाई नागरिकों व सरकार को पता नहीं होता। इस एजेंसी का पहली बार वर्ष 1975 में ऑस्ट्रेलियाई संसद में उल्लेख किया गया था और सार्वजनिक रूप से वर्ष 1977 में ही स्वीकार कर लिया गया था।
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