अदालत में सुनवाई के दौरान महिला के पति डोमिनिक पेलीकोट ने जुर्म कबूला। उसने कहा कि उसने सालों तक पत्नी को नशीले पदार्थों का सेवन कराया और बेहोश किया। इसके बाद उसने और अन्य लोगों ने पत्नी के साथ दुष्कर्म किया और इसके वीडियो भी बनाए। अभियोजकों ने मांग की कि डोमिनिक को कम से कम 20 साल की सजा सुनाई जाए।
फ्रांस में सालों तक अपने घर में ही सामूहिक दुष्कर्म का शिकार हुई महिला को न्याय मिला है। फ्रांस की अदालत ने महिला के पति को सामूहिक दुष्कर्म का दोषी माना है। फ्रांस के एविग्रन की अदालत में मुख्य न्यायाधीश रोजर अराता ने महिला के पति डोमिनिक पेलीकोट के खिलाफ फैसला सुनाया। अदालत ने महिला के पति को 20 साल की सजा सुनाई है।
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पति ने ही किया शोषण
71 वर्षीय गिसेल पेलीकोट को साल 2020 में पता चला कि उनके पति ने ही वर्षों तक गोपनीय तरीके से कई अन्य लोगों के साथ मिलकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। आरोपी पति गिसेल को बेहोशी की दवाई देकर सुला देता था और फिर कई लोगों के साथ उसका शारीरिक शोषण करता रहा। इसका खुलासा होने के बाद गिसेल ने अपने साथ हुए अत्याचार के खिलाफ आवाज उठाई और पति से तलाक ले लिया। इसके बाद पति के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर मुकदमा दायर किया। मुकदमे में 51 अन्य व्यक्तियों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की गई। इसके बाद बड़ी संख्या में लोग गिसेल के पक्ष में उतर आए।
पति ने कबूला जुर्म
अदालत में सुनवाई के दौरान महिला के पति डोमिनिक पेलीकोट ने जुर्म कबूला। उसने कहा कि उसने सालों तक पत्नी को नशीले पदार्थों का सेवन कराया और बेहोश किया। इसके बाद उसने और अन्य लोगों ने पत्नी के साथ दुष्कर्म किया और इसके वीडियो भी बनाए। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजकों ने मांग की कि डोमिनिक को कम से कम 20 साल की सजा सुनाई जाए। जबकि अन्य को 10 से 18 साल की सजा हो। पांच न्यायाधीशों की पीठ ने गुप्त मतदान के जरिये अपना निर्णय दिया।
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जर्मनी से फ्रांस शिफ्ट हुआ था परिवार
गिसेल पेलीकोट का जन्म 1952 को जर्मनी में हुआ था और जब वह पांच साल की थी, तभी वह अपने परिवार के साथ फ्रांस आ गईं थी। गिसेल साल 1971 में अपने पूर्व पति डोमिनिक पेलीकोट से मिलीं। गिसेल को अपने साथ हुई ज्यादती का शायद पता भी नहीं चलता अगर साल 2020 में पुलिस ने डोमिनिक पेलीकोट को महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार करते हुए न पकड़ा होता। महिलाओं के अधिकारों के लिए लड़ने वाले लोगों ने फैसले पर खुशी जताई है।