बीएनपी के कार्यकारी अध्यक्ष तारिक रहमान की बांग्लादेश वापसी।
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बांग्लादेश में य़ुवा नेता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद भड़की हिंसा रुकती नजर नहीं आ रही है। इस बीच बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के बेटे और बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के शीर्ष नेता तारिक रहमान ने गुरुवार को लंदन से स्वदेश वापसी की। तारिक रहमान आज ढाका में एक रैली को भी संबोधित करेंगे।
ढाका में बीएनपी की रैली
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ढाका में रैलीस्थल पर तारिक रहमान के समर्थन में भारी भीड़ इकट्ठा हुई है। ढाका में उमड़ा यह जनसैलाब देश की राजनीति में नई हलचल पैदा करता दिख रहा है। सड़कों पर उमड़ी भारी भीड़ और उसके उत्साङ, पार्टी के झंडे, नारों और उत्साह ने साफ कर दिया कि यह सिर्फ एक स्वागत कार्यक्रम नहीं है, बल्कि इसके पीछे गहरे सियासी संदेश छिपे हुए हैं।
ढाका में बीएनपी की रैली में उमड़ी भीड़
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लंबे समय से विदेश में रहकर पार्टी का नेतृत्व कर रहे तारिक रहमान के नाम पर ढाका में जिस तरह समर्थकों की भीड़ जुटी है, उसने बांग्लादेश के तमाम सियासी दलों को बड़ा इशारा कर दिया है। बीएनपी समर्थकों का दावा मानें तो यह भीड़ पार्टी की जमीनी पकड़ और जनता के बीच बढ़े असंतोष को दर्शाती है।
ढाका रैली में उमड़ा जनसैलाब
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ढाका में उमड़ी बीएनपी समर्थकों के भारी भीड़ को पार्टी के शक्ति प्रदर्शन के तौर पर भी देखा जा रहा है। लंबे समय तक विपक्ष में रही बीएनपी का यह शक्ति प्रदर्शन यह संकेत देता है कि खालिदा जिया की पार्टी अभी पूरी तरह कमजोर नहीं हुई है।
ढाका रैली मे बीएनपी समर्थकों की भारी भीड़
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तारिक रहमान के नाम पर जुटी भीड़ भविष्य की राजनीतिक रणनीति का ट्रेलर हो सकती है। सियासी जानकारों की मानें तो अगले साल फरवरी में होने वाले आम चुनावों से पहले तारिक रहमान की वतन वापसी से बीएनपी को संजीवनी मिलेगी। इसके साथ ही आम चुनावों में पार्टी के प्रदर्शन पर भी इसका असर देखने को मिलेगा।
तारिक रहमान की ढाका रैली
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आम चुनाव में बीएनपी को भरपूर फायदा मिलने की पूरी उम्मीद है। इस स्थिति में तारिक को बांग्लादेश के अगले प्रधानमंत्री के तौर पर देखा जा रहा है। जमात-ए-इस्लामी जैसी कट्टरपंथी पार्टियों के साथ बहुतायत में लोगों के जाने की संभावना कम है।