फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Taiwan: चीन की आक्रामकता के खिलाफ तैयारी कर रहा ताइवान, रॉकेट सिस्टम HIMARS का किया परीक्षण

Tue, 13 May 2025 10:51 AM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ताइपे

सार

ताइवान ने अमेरिका से 29 HIMARS रॉकेट सिस्टम खरीदे थे, जिनमें से 11 साल 2024 में ताइवान को मिल चुके हैं और बाकी 18 के साल 2027 में डिलीवर होने की उम्मीद है। 
 
विज्ञापन
ताइवान ने रॉकेट सिस्टम का सफल परीक्षण किया - फोटो : एएनआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

चीन द्वारा लगातार ताइवान के खिलाफ आक्रामकता का प्रदर्शन किया जा रहा है। हाल ही में भी चीन के 31 विमान ताइवान की सीमा के नजदीक उड़ान भरते देखे गए। चीन के आक्रामक रुख के जवाब में अब ताइवान ने भी अपनी ताकत बढ़ानी शुरू कर दी है। इसी के तहत ताइवान की सेना ने सोमवार को अपना पहला लाइव फायरिंग टेस्ट किया। अमेरिका से सप्लाई किए गए हाई मोबिलिटी आर्टिलियरी रॉकेट सिस्टम (HIMARS) का ताइवान ने सफल परीक्षण किया।
विज्ञापन


रॉकेट सिस्टम बनाने वाली कंपनी के अधिकारी भी रहे मौजूद
ताइवानी सेना की 58वीं आर्टिलरी कमांड ने मनझोउ टाउनशिप के जिउपेंग बेस पर यह परीक्षण किया। एचआईएमएआरएस रॉकेट सिस्टम के एक पॉड में छह रॉकेट या एक आर्मी टेक्टिकल मिसाइल सिस्टम से लैस किए जा सकते हैं। इस आर्मी टेक्टिकल मिसाइल सिस्टम  की रेंज 300 किलोमीटर है। 11 लॉन्च व्हीकल से 33 रॉकेट फायर किए जा सकते हैं। हालांकि ताइवान की सेना ने ड्रिल को लेकर ज्यादा जानकारी साझा नहीं की। 

ये भी पढ़ें- Australia: आम चुनाव में जीत के बाद ऑस्ट्रेलियाई कैबिनेट का शपथ ग्रहण, पहले दौरे पर इंडोनेशिया जाएंगे एल्बानीज
विज्ञापन


परीक्षण करने वाली कमांड के अधिकारी कर्नल हो ची चुंग ने बताया कि परीक्षण के दौरान रॉकेट सिस्टम बनाने वाली अमेरिकी कंपनी के अधिकारी भी मौजूद रहे और उन्होंने ताइवानी सेना को तकनीकी मदद मुहैया कराई। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ताइवान ने अमेरिका से 29 HIMARS रॉकेट सिस्टम खरीदे थे, जिनमें से 11 साल 2024 में ताइवान को मिल चुके हैं और बाकी 18 के साल 2027 में डिलीवर होने की उम्मीद है। 
विज्ञापन


चीन द्वारा ताइवान पर बढ़ाया जा रहा तनाव
गौरतलब है कि ताइवान ने रॉकेट सिस्टम का परीक्षण ऐसे समय में किया है, जब चीन द्वारा ताइवान के खिलाफ लगातार आक्रामक व्यवहार किया जा रहा है। माना जा रहा है कि रॉकेट सिस्टम के परीक्षण से ताइवान ने चीन को एक संदेश देने की कोशिश की है। इससे पहले अप्रैल में पैसिफिक फोरम की 50वीं वर्षगांठ पर यूएस इंडो पैसिफिक कमांड के पूर्व चीफ एडमिरल हैरी हैरिस ने कहा था कि चीन, ताइवान पर दबाव बढ़ा रहा है और ऐसे वक्त में अमेरिका को खुलकर ताइवान का समर्थन करना चाहिए।

ये भी पढ़ें- एक और वार से नेस्तनाबूद हो जाता पाकिस्तान: ऑस्ट्रियाई रक्षा विशेषज्ञ ने भारत को करार दिया विजेता, बताईं वजहें


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें