फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

श्रीलंका: माल आयात के लिए भारत से मांगा एक अरब डॉलर का कर्ज, कहा- ऋण भुगतान में मदद के साथ दोनों देशों के व्यापार को मिलेगा प्रोत्साहन

Thu, 13 Jan 2022 01:50 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, कोलंबो।

सार

श्रीलंकाई बैंक के गवर्नर ने कहा कि श्रीलंका सामान आयात करने के लिए भारत के साथ एक अरब डॉलर के ऋण को लेकर बातचीत कर रहा है। इससे श्रीलंका को अपने ऋण भुगतान में मदद मिलने के साथ दोनों देशों के व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।
विज्ञापन
श्रीलंका-भारत (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

श्रीलंका में लगभग सभी आवश्यक वस्तुओं का संकट पैदा हो गया है। ऐसे में द्वीपीय राष्ट्र ने भारत से जरूरी सामान के आयात के लिए एक अरब डॉलर का कर्ज मांगा है। श्रीलंका के केंद्रीय बैंक के गवर्नर अजित निवार्ड कैब्राल ने कहा कि श्रीलंका अपने ऋण भुगतान के पुनर्गठन की कोशिश के तहत चीन से एक और कर्ज के लिए बातचीत कर रहा है। हालांकि, कर्ज की राशि अभी तय नहीं की गई है।

विज्ञापन


श्रीलंकाई बैंक के गवर्नर ने कहा कि श्रीलंका सामान आयात करने के लिए भारत के साथ एक अरब डॉलर के ऋण को लेकर बातचीत कर रहा है। इससे श्रीलंका को अपने ऋण भुगतान में मदद मिलने के साथ दोनों देशों के व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। श्रीलंका आयात भुगतान के लिए डॉलर संकट के चलते फिलहाल सभी आवश्यक वस्तुओं की कमी से जूझ रहा है। श्रीलंका के सरकारी अधिकारियों का कहना है कि भारत से एक अरब डॉलर का ऋण खाद्य आयात तक ही सीमित रहेगा। वही किसानों ने अगले दो महीनों के दौरान देश में खाद्यान्न की कमी की चेतावनी दी है। 

सार्क समझौते के तहत दो भारतीय कैदियों को भारत लौटाएगा श्रीलंका
वरिष्ठ जेल अधिकारी चंदना एकनायके ने बताया कि श्रीलंका सार्क कैदियों के आदान-प्रदान समझौते के तहत बुधवार और बृहस्पतिवार को दो भारतीय कैदी भारत को सौंपेगा। ये दोनों श्रीलंका में अभी आजीवन कारावास की सजा काट रहे हैं। न्याय मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव ने जेल आयुक्त को इन दोनों भारतीय नागरिक रिहा करने की सूचना दी।
विज्ञापन


उन्होंने निजता की रक्षा के लिए दोनों भारतीयों की पहचान उजागर किए बिना कहा कि उन्हें कोलंबो अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर भारतीय पुलिस अधिकारियों को सौंप दिया जाएगा। एकनायके ने बताया कि आजीवन कारावास की सजा काट रहे दोषियों में से एक नशीले पदार्थ रखने और आयात  करने के आरोप में 12 साल से जेल में बंद है जबकि दूसरा खतरनाक ड्रग्स एक्ट के तहत पिछले छह वर्षों से श्रीलंकाई जेल में कैद है। सजायाफ्ता कैदियों के स्थानांतरण पर भारत-श्रीलंका द्विपक्षीय समझौते पर जून 2010 में हस्ताक्षर किए गए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें