दक्षिण अफ्रीका का वीजा मिलने में अब ज्यादा लंबा इंतजार नहीं करना होगा। अफ्रीकी देश ने अपनी वीजा व्यवस्था का डिजिटलीकरण करने का एलान किया है। दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने एलान किया है कि देश की वीजा व्यवस्था का डिजिटलीकरण किया जा रहा है। इसके बाद भारत और चीन से पर्यटन और व्यापार बढ़ने की उम्मीद है। अफ्रीकी राष्ट्रपति के फैसले का भारतीय कंपनियों और राजनयिकों ने स्वागत किया है।
दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने कहा कि हम अपने वीजा सिस्टम को बेहतर बनाने के लिए काम कर रहे हैं। ताकि हमारे देश में विदेश के लोगों को निवेश करने में आसानी हो और पर्यटन को बढ़ावा मिले। उन्होंने कहा कि इस साल हम सुरक्षित और डिजिटल वीजा आवेदन प्रक्रिया शुरू करने के लिए एक इलेक्ट्रॉनिक ट्रैवल ऑथराइजेशन सिस्टम लॉन्च करने जा रहे हैं। यह सिस्टम भ्रष्टाचार को कम करेगा और पर्यटक वीजा प्रक्रिया को एआई और ऑटोमैटिक तरीके से तेज करेगा। रामफोसा ने कहा कि हमने तीन लाख से अधिक वीजा आवेदनों में से 90 प्रतिशत से अधिक लंबित आवेदनों का निपटारा कर दिया है। यह परिवर्तन संदेश देगा कि दक्षिण अफ्रीका व्यापार और पर्यटन के लिए खुला हुआ है।
भारतीय कंपनियों ने कई बार बताई है परेशानी
दक्षिण अफ्रीका की ओर से देर से वीजा मिलने को लेकर भारतीय कंपनियों ने कई बार परेशानी जाहिर की है। कुछ कंपनियों ने अफ्रीका में कहीं और निवेश करने की तक की बात कही है। जोहान्सबर्ग में भारत के महावाणिज्यदूत महेश कुमार ने कहा कि दक्षिण अफ्रीका में वीजा मिलने और सीधी उड़ानों दोनों में चुनौतियां रही हैं। अब भारत और दक्षिण अफ्रीका की सरकारें इन मुद्दों को हल करने के लिए काम कर रही हैं। दक्षिण अफ्रीकी सरकार उच्चतम स्तर पर इस संबंध में विचार कर रही है और योगदान देने के लिए भरपूर प्रयास कर रही है। कुमार ने कहा कि इसका दोनों देशों को करीब लाने में अहम योगदान है। अब हमारे लिए व्यापार और पर्यटन में सहयोग करना अधिक संभव हो सकेगा।
भारतीय कंपनियों ने भी जताई खुशी
दक्षिण अफ्रीका के फैसले को लेकर भारतीय कंपनियों ने भी खुशी जताई। कंपनी 24 बाय 7 ट्रैवल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी आशीष शर्मा ने कहा कि नई वीजा व्यवस्था से दक्षिण अफ्रीका में पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी। साथ ही एयरलाइन्स भी दक्षिण अफ्रीका के लिए सीधी उड़ान पर विचार करेंगीं। उन्होंने कहा कि नई वीजा व्यवस्था भारत जैसे बड़े बाजार से यात्रा को बढ़ावा देगी। दक्षिण अफ्रीका में मौसम, प्राकृतिक सुंदरता और साझा संस्कृति और विरासत को देखते हुए भारत के पर्यटकों को आकर्षित करने की बहुत संभावना है। मगर देरी और जटिल वीजा प्रक्रिया के साथ ही भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच सीधी उड़ान न होने से ऐसा नहीं हो पा रहा है।
उन्होंने कहा कि अब पहली चुनौती हल हो जाएगी। उम्मीद है कि इसके बाद दूसरी चुनौती से भी जल्द निपटा जा सकेगा। हमें भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच सीधी उड़ान पर विचार करने के बारे में सरकार और विमानन क्षेत्र से कई सुझाव मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत में प्रमुख एयरलाइनों को 2026 में नए विमानों की डिलीवरी मिलेगी। इसके बाद दक्षिण अफ्रीका और भारत के बीच सीधी उड़ानें शुरू की जा सकती हैं।
दक्षिण अफ्रीका में बढ़ेगा पर्यटन
दक्षिण अफ्रीका के बंगाली एसोसिएशन के अध्यक्ष और आयन एक्सचेंज सैफिक के सीईओ गौरीश चक्रवर्ती ने कहा कि भारत के लोग पर्यटन के प्रति जागरूक हैं। दक्षिण अफ्रीका के इस सुधार से पर्यटन में इजाफा होगा। वीजा डिजिटलीकरण का कदम स्वागत योग्य है। इससे वीजा जारी करने में तेजी आएगी। साथ ही वीजा आवेदन की जांच में शामिल कमियों को दूर करने और लोगों के लिए वास्तविक वीजा जारी करने में भी मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि इससे लोगों को समय पर वीजा मिल सकेगा। साथ ही लोगों के लिए देश की यात्रा करना आसान हो जाएगा और पर्यटन से होने वाली आय में वृद्धि करने में मदद मिलेगी। इसका देश की अर्थव्यवस्था पर गहरा प्रभाव पड़ेगा।