सर्बिया के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुचिच ने अगले कुछ हफ्तों में इस्तीफा देने की घोषणा की है। उनके फैसले के बाद समय से पहले चुनाव होने की संभावना है। पिछले एक साल से छात्र और युवा संगठन सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं और भ्रष्टाचार व लोकतांत्रिक संस्थाओं के कमजोर होने का आरोप लगा रहे हैं।
सर्बिया के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुसिक ने घोषणा की है कि वह अगले कुछ हफ्तों में अपने पद से इस्तीफा दे देंगे। उनके इस फैसले के बाद देश में समय से पहले चुनाव होने की संभावना बढ़ गई है। पिछले एक साल से छात्र और युवा संगठन सरकार के खिलाफ लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं और जल्द संसदीय चुनाव कराने की मांग कर रहे हैं।
इस्तीफे और चुनाव की तारीख का इंतजार
शनिवार को राजधानी बेलग्रेड में अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए वुसिक ने कहा कि वह कुछ सप्ताह तक ही राष्ट्रपति रहेंगे और उसके बाद इस्तीफा दे देंगे। हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि इस्तीफा कब देंगे और चुनाव की तारीख क्या होगी। उन्होंने यह भी कहा कि आगामी चुनाव में वह अपनी पार्टी सर्बियन प्रोग्रेसिव पार्टी के लिए प्रचार करेंगे और उन्हें भरोसा है कि उनकी पार्टी पहले से भी बड़ी जीत दर्ज करेगी।
विज्ञापन
लगातार तीसरी बार राष्ट्रपति चुनाव नहीं लड़ सकते वुसिक
सर्बिया के कानून के अनुसार वुसिक लगातार तीसरी बार राष्ट्रपति चुनाव नहीं लड़ सकते। उनका दूसरा कार्यकाल चल रहा है और नियमित राष्ट्रपति तथा संसदीय चुनाव अगले वर्ष होने हैं। पिछले एक साल से देशभर में छात्र और युवा संगठन वुसिक सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि वुसिक के शासन में लोकतांत्रिक संस्थाएं कमजोर हुई हैं और सरकार लगातार अधिक केंद्रीकृत तथा सख्त होती गई है।
नवंबर 2024 में हुई थी विरोध प्रदर्शनों की शुरुआत
इन विरोध प्रदर्शनों की शुरुआत नवंबर 2024 में हुई थी, जब उत्तरी सर्बिया के नोवी साद रेलवे स्टेशन पर कंक्रीट की छत गिरने से 16 लोगों की मौत हो गई थी। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि सरकारी परियोजनाओं में भ्रष्टाचार और लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ। वुसिक सरकार ने इन प्रदर्शनों पर कड़ी कार्रवाई की। कई लोगों को हिरासत में लिया गया और पुलिस पर जरूरत से ज्यादा बल प्रयोग करने के आरोप भी लगे।
वहीं, यूरोपीय संघ (ईयू) ने भी सर्बिया में लोकतंत्र कमजोर होने और मीडिया पर बढ़ते दबाव को लेकर चिंता जताई है। राष्ट्रपति के इस्तीफे की घोषणा के बाद अब सर्बिया की राजनीति में बड़ा बदलाव आने की संभावना जताई जा रही है। अगर वुसिक तय समय पर इस्तीफा देते हैं तो देश में जल्द चुनाव कराए जा सकते हैं।