गांजा खरीदने के लिए रजिस्ट्रेशन कराते लोग
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मौज-मस्ती के लिए गांजे की कानूनी तौर पर बिक्री करने वाला उरुग्वे दुनिया का पहला देश बन गया है। बुधवार को उरुग्वे में 16 फार्मेसीज ने गांजे की बिक्री शुरू कर दी है। नेशनल रजिस्ट्री में तकरीबन पांच हज़ार लोगों ने कानूनी तरीके से गांजा खरीदने के लिए अपना नाम दर्ज करवाया। अपना नाम रजिस्टर्ड कराने वाले लोगों को हफ्ते में 10 ग्राम तक गांजा खरीदने की इजाजत दी गई है, लेकिन वे महीने में 40 ग्राम से ज्यादा गांजा नहीं खरीद सकेंगे।
देश में गांजे के कारोबार को मंजूरी देने वाले कानून के वजूद में आने के चार साल बाद सरकार ने ये कदम उठाया है। इस कानून के समर्थकों का कहना है कि ताजा कदम से गांजे के अवैध कारोबार पर लगाम लगेगी और नशे के सौदागरों का धंधा बंद हो जाएगा।
ग्राहकों के चुनने के लिए दो तरह का गांजा होगा। इसे अल्फा वन और बीटा वन का नाम दिया गया है। पांच ग्राम गांजे की कीमत पांच पाउंड यानी भारतीय रुपये में तकरीबन 420 रुपये तय की गई है। फार्मेसीज पर बिकने वाले गांजे की आपूर्ति सरकार की निगरानी वाले खेतों से की जाएगी। नए कानून के तहत लोगों को गांजे के निजी इस्तेमाल के लिए घर पर खुद इसे उगाने की इजाजत दी गई है।