विदेश मंत्री सुषमा स्वराज का कहना है कि आज दुनिया नेतृत्व के लिए भारत और दक्षिण अफ्रीका की तरफ देख रही है। भारतीय विदेश मंत्री ने यह बात महान नेता महात्मा गांधी और नेल्सन मंडेला की भूमिका को याद करते हुए कही।
स्वराज ने कहा कि इन महान नेताओं ने उन लोगों के लिए उम्मीद जगाई जो अन्याय और असमानता का सामना कर रहे थे। वे यहां महात्मा गांधी को ट्रेन की पहली श्रेणी के डिब्बे से धक्का दिए जाने की 125वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में बोल रही थीं। उन्होंने कहा, ‘दुनिया हमारे लिए बेहतर स्थान है। दुनिया ने हमारे से काफी कुछ हासिल किया है। दुनिया हमारी तरफ नेतृत्व उपलब्ध कराने के लिए देख रही है।’ विदेश मंत्री ने कहा कि भारत और दक्षिण अफ्रीका शांति, समृद्धि और विकास के लिए हाथ से हाथ मिलाकर आगे बढ़ रहे हैं।
सुषमा ने पेंट्रिच से की ट्रेन यात्रा
विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने पेंट्रिच से पीटरमैरिट्जबर्ग रेलवे स्टेशन तक ट्रेन से सफर किया। यह वहीं रेलवे स्टेशन है जहां महात्मा गांधी को अश्वेत होने की वजह से ट्रेन के डिब्बे से बाहर फेंक दिया गया था। इसी घटना ने उन्हें सत्याग्रह करने के लिए प्रेरित किया था।