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पाक पर आतंकवादी समूहों को निशाना बनाने के लिए लगातार दबाव बना रहा है अमेरिका

Mon, 03 Sep 2018 01:16 PM IST
भाषा, वाशिंगटन
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पेंटागन के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल कोन फॉकनर
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पेंटागन ने रविवार को कहा कि अमेरिका पाकिस्तान पर हक्कानी नेटवर्क सहित सभी आतंकवादी समूहों को ‘बिना भेदभाव’ के निशाना बनाने को लेकर लगातार दबाव जारी रखे हुये है। पेंटागन ने दावा किया कि हालिया खबरों से गठबंधन सहायता निधि (सीएसएफ) का विरूपित ब्योरा सामने आया है। 

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यह टिप्पणी उन खबरों के बीच आई है जिनमें कहा गया है कि आतंकवादी समूहों से निपटने के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाने के चलते अमेरिका ने पाकिस्तान को दी जाने वाली 30 करोड़ डॉलर की सैन्य सहायता रोक दी है। 


पेंटागन के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल कोन फॉकनर ने कहा, ‘‘दुर्भाग्यवश, हालिया खबरों से गठबंधन सहायता निधि (सीएसएफ) के संदर्भ में विरूपित जानकारी सामने आयी है। पाकिस्तान को सुरक्षा सहायता रोकने की घोषणा जनवरी 2018 में की गई थी।’’ 
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उन्होंने कहा, “गठबंधन सहायता निधि भी उस रोक का हिस्सा है और वह अब भी बरकरार है। यह कोई नया फैसला या नई घोषणा नहीं है बल्कि जुलाई में किए गए उस आग्रह की अभिस्वीकृति है जिसमें समय सीमा समाप्त होने से पहले निधि को रीप्रोग्राम करने को कहा गया था।” 


फॉकनर ने कहा कि क्षेत्रीय स्थिरता और सुरक्षा पर खतरा पैदा करने वाले सभी आतंकवादी समूहों को परास्त करने और अफगानिस्तान के लिए शांतिपूर्ण भविष्य सुनिश्चित करने की साझा प्रतिबद्धता के आधार पर वे जनवरी से लगातार पाकिस्तान के उच्च स्तर के सैन्य अधिकारियों के संपर्क में हैं। 


उन्होंने कहा, ‘‘हम लश्कर-ए-तैयबा और हक्कानी नेटवर्क सहित सभी आतंकवादी समूहों को बिना भेदभाव के निशाना बनाने के लिए पाकिस्तान पर लगातार दबाव बनाये हुये हैं और हम पाकिस्तान से तालिबान नेतृत्व को गिरफ्तार करने, बाहर करने या वार्ता की मेज पर लाने के लिए कहते रहेंगे।’’ 


फॉकनर ने उल्लेख किया कि 23 मार्च को प्रकाशित 2018 के रक्षा विभाग के डीओडी एप्रोप्रिएशंस एक्ट के मुताबिक कांग्रेस ने 50 करोड़ अमेरिकी डॉलर की राशि रोक दी थी। दक्षिण एशिया रणनीति के समर्थन में पाकिस्तान की निर्णायक कार्रवाइयों की कमी के कारण अमेरिकी रक्षा विभाग ने जुलाई 2018 समयसीमा में शेष 30 करोड़ डॉलर की राशि अन्य प्राथमिकताओं के लिए रीप्रोग्राम कर दी। 

 

 

 

 

 

 

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