एच-1बी वीजा के लिए आवेदन करने वालों के लिए खुशखबरी है। इस साल सरकार आवेदकों का चयन करने के लिए एक दूसरा राउंड रखने वाली है। इसमें लॉटरी के माध्यम से आवेदक को चुना जाएगा। अमेरिकी संघीय और आव्रजन सेवा (USCIS) ने गुरुवार को घोषणा की है कि एच-1बी वीजा के लिए पहले जमा किए गए इलेक्ट्रॉनिक आवेदनों में से लॉटरी के माध्यम से आवेदकों को चुना जाएगा। कहा जा रहा है कि इसका फायदा भारत के लोगों को सबसे ज्यादा होगा।
मार्च में कराए गए थे आवेदन
बता दें, यूएससीआईएस ने वित्तीय वर्ष 2024 के एच-1बी वीजा के लिए एक कैंप चलाया था, जिसमें लोगों को इलेक्ट्रॉनिक आवेदन करने के लिए कहा था। मार्च में उन आवेदनों का चुनाव किया गया, जो सही तरीके से जमा कराए थे। बता दें, केवल वित्तीय वर्ष 2024 के लिए चयनित पंजीकरण वाले ये याचिकाकर्ता एच-1बी कैप-विषय याचिका दायर करने के पात्र हैं।
यह है एच-1बी वीजा
एच-1बी वीजा एक गैर-आप्रवासी वीजा है, जो अमेरिकी कंपनियों को विदेशी श्रमिकों को विशेष व्यवसायों में नियुक्त करने की अनुमति देता है। प्रौद्योगिकी कंपनियां भारत और चीन जैसे देशों से हर साल हजारों कर्मचारियों को नियुक्त करने के लिए इस पर निर्भर हैं।
लॉटरी चयन प्रक्रिया का होगा इस्तेमाल
यूएससीआईएस ने एक बयान में कहा कि हमने हाल ही में निर्धारित किया है कि हमें वित्त वर्ष 2024 के संख्यात्मक आवंटन तक पहुंचने के लिए अतिरिक्त पंजीकरणों का चयन करने की आवश्यकता होगी। जल्द ही, हम लॉटरी चयन प्रक्रिया का उपयोग करके आवेदकों का चयन करेंगे।
चयन होने के बाद दी जाएगी जानकारी
उन्होंने कहा कि एक बार जब चयन प्रक्रिया पूरी हो जाएगी, उसके बाद चयनित याचिकाकर्ताओं को जानकारी दी जाएगी। चयनित पंजीकरण वाले लोगों के लिए एक अपडेट जारी किया जाएगा, जिसमें कब और कहां फाइल करना है इसका विवरण शामिल होगा।
65 हजार वीजा जारी करने की अनुमति
हाल ही में अमेरिका ने फैसला लिया था कि यूएससीआईएस एक वर्ष में अधिकतम 65,000 एच-1बी वीजा जारी कर सकता है। यह विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग और गणित (एसटीईएम) विषयों में अमेरिकी विश्वविद्यालय से उच्च अध्ययन पूरा करने वाले विदेशी छात्रों के लिए अन्य 20,000 एच-1बी वीजा भी जारी कर सकता है।