जापान का एक ऐसा ऑक्टोपस जिसने उसके सभी विश्व कप ग्रुप स्टेज मैचों की सही भविष्यवाणी की थी, उसे 27 जून को उबालकर और काटकर बेचने के लिए बाजार भेज दिया गया। यह बात उसी मछुआरे ने बताई जिसने इस ऑक्टोपस को पकड़ा था। इस ऑक्टोपस का नाम रेबियो था, उसने 19 जून को एक बास्केट द्वारा किए गए तीन प्रयोगों के बाद जापान के मैचों के विजेताओं को सफलतापूर्वक चुना था। इस दिन जापान का पहला मैच कोलंबिया के खिलाफ था।
भविष्यवाणी करने के लिए रेबियो के सामने तीन बास्केट रखे जाते थे। जिसमें से पहले बास्केट में जापान का नाम लिखा होता था, दूसरे बास्केट में टीम का नाम जबकि तीसरे बास्केट पर ड्रॉ लिखा होता था। इसके बाद जिस भी बास्केट में रेबियो तैरता था उसे ही भविष्यवाणी मान लिया जाता। उसने जापान के तीन मैचों की भविष्यवाणी इसी तरह की थी जो बाद में बिल्कुल सच साबित हुईं।
रेबियो की भविष्यवाणी के बाद जापान ने कोलंबिया को हरा दिया, उसकी ये भविष्यवाणी बिल्कुल सही साबित हुई। लेकिन नॉकआउट राउंड से पहले ही उसे प्लेट पर सजा दिया गया। हुआ ये कि राउंड 16 में बेल्जियम ने जापान को 32 रनों से हराकर बाहर कर दिया। जापान की इस हार की अभी भी चर्चा हो रही है। जापान ने बेल्जियम पर 2-0 की बढ़त हासिल करके उसे 68 मिनट तक बरकरार भी रखा लेकिन बेल्जियम ने बाद में तीन बार गोल करके जापान से उसकी जीत छीन ली।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक रेबियो ने जापान के पोलैंड, कोलंबिया और सेनेगल के खिलाफ होने वाले तीनों मैचों की सटीक भविष्यवाणी की थी। वहीं पोलेंड के खिलाफ जापान के तीसरे मैच में मछुआरे कीमीयो ने उसे पकड़कर बाजार में बेच दिया। इससे पहले साल 2010 में पॉल द ऑक्टोपस ने 6 विश्व कप मैचों की सही भविष्यवाणी की थी। रेबियो को भी उसी ऑक्टोपस की तरह देखा जा रहा था।