म्यांमार की नेता आंग सान सू ची के झील किनारे बने घर पर गुरुवार को पेट्रोल बम फेंका गया। सरकार के प्रवक्ता जॉ हैते ने बताया कि घटना के समय वह नाएप्यीडॉ में थीं। जिसकी वजह से इस हमले से वह बाल-बाल बच गईं। उन्होंने कहा- वह एक पेट्रोल बम था। उन्होंने आगे का विवरण नहीं दिया जिससे कि इसके पीछे का मकसद पता चल सके।
पेट्रोल बम की वजह से थोड़ा सा नुकसान हुआ है। सू ची के इस बंगले में हमला करना काफी सांकेतिक है क्योंकि यहीं उन्हें कई सालों तक हाउस अरेस्ट किया गया था। म्यामांर के
रोहिंग्या समुदायों की तरफ से बात करने में विफल रहने की वजह से उनके खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर गुस्सा है।
लगभग 700,000 रोहिंग्या उत्तरी राखीन राज्य में एक क्रूर सैन्य कार्रवाई की वजह से बांग्लादेश के रिफ्यूजी कैंप में अगस्त से जा रहे हैं क्योंकि उनके साथ हत्या, बलात्कार और आगजनी जैसी घटनाएं हुई हैं। म्यांमार के अंदर सू ची को म्यांमार का बौद्ध समाज एक हिरोइन की तरह देखता है और उन्हें द लेडी कहा जाता है। वहीं म्यांमार में रोहिंग्या को गैर-कानूनी बंगाली शरणार्थियों के तौर पर देखा जाता है।