चित्रकूट। जिले में इस बार 54.75 प्रतिशत ही गेहूं की खरीद हुई है। इस बार गेहूं खरीद का लक्ष्य 38000 मीट्रिक टन दिया गया था लेकिन 20804.633 मीट्रिक टन ही गेहूं खरादा जा सका है। गेहूं खरीद के दौरान 7421 किसानों को 3488 लाख रुपये दिए गए।
कई खरीद केंद्रों मेें असुविधा से कर्मचारियों के साथ ही किसानों को भी परेशानी का सामना भी करना पड़ा है। भुगतान के मामले में विभाग का दावा है कि शत प्रतिशत भुगतान कर दिया गया है।
इस बार गेहूं खरीद केंद्रों गेहूं खरीदने के लिए प्रदेश सरकार का खासा दबाव था। जिले के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए थे कि गेहूं खरीद केंद्रों का निरीक्षण करते रहे जिसमें अधिकारी सहित विधायकों व सांसद ने भी गेहूं खरीद क्रेंदों का निरीक्षण किया। इसमें कई खामियां भी मिली थीं जिसमें कुछ केंद्रों में सुधार भी किया गया। इसी का नतीजा था कि अबकी खरीद का कुल प्रतिशत 50 से अधिक पार कर गया। यह माना जा रहा है कि खरीद केंद्रों में सुविधाएं अच्छी होती तो गेहूं खरीद का लक्ष्य पूरा हो जाता।
किसान मनोज मिश्रा, हनुवा, राजेश तिवारी मंडौर, इंद्रेन द्विवेदी अशोह ने बताया कि इस बार खरीद केंद्रों में गेहूं खरीद लेने से किसानों को फायदा हुआ है। जिला खाद्य विपणन अधिकारी अजय कुमार ने बताया कि जिले मेें गेहूं खरीद का लक्ष्य 38000 मीट्रिक टन मिला था जिसमें 20804.633 मीट्रिक टन ही गेहूं खरीदा गया जिसमें सभी 7421 किसानों को 3488 लाख रुपये का भुगतान कर दिया गया है।