अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा के सौतेले भाई मलिक ओबामा चुनाव हार गए हैं। मलिक ओबामा कीनिया में रहते हैं।
अपने भाई के पद चिन्हों पर चलते हुए मलिक ओबामा भी चुनावी मैदान में कूद पड़े थे।
उन्होंने चार मार्च को कीनिया में हुए देशव्यापी चुनाव में पश्चिमी प्रांत सिआया के गवर्नर पद के लिए चुनाव लड़ा था। लेकिन गुरूवार को आए नतीजे में उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा है।
मलिक ओबामा एक आजाद उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे थे और उन्हें चुनावी खर्चे के लिए पैसे जमा करने में भी दिक्कत हो रही थी।
बदलाव
चुनाव प्रचार के दौरान मलिक ने एक समाचार एजेंसी को दिए साक्षात्कार में कहा था कि वो अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा से अपने रिश्ते और अपने उपनाम की सच्चाई को नकार नहीं सकते हैं लेकिन वो अपने नाम पर चुनाव लड़ने की कोशिश करेंगे।
प्रचार के लिए मलिक ने अपने भाई के मुद्दों को अपनाते हुए कीनिया की राजनीति में बदलाव लाने की बात की थी, लेकिन उन्हें जनता का समर्थन नहीं मिल सका।
इससे पहले 2007 में कीनिया में आम चुनाव हुए थे लेकिन उस दौरान काफ़ी हिंसा हुई थी और लगभग एक हज़ार लोग मारे गए थे और कई लाख लोग बेघर हो गए थे।
हिंसा को रोकने की नियत से कीनिया के संविधान में काफी बदलाव किए गए थे और नए संविधान के तहत ही मौजूदा चुनाव करवाए गए थे।
लेकिन चुनाव के दौरान और फिर मतगणना के दौरान भी कई ख़ामियां सामने आईं थीं और कई लोगों ने तो चुनाव की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए हैं।