फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चीफ जस्टिस को पीएम पद की पेशकश

विज्ञापन
विज्ञापन
नेपाल के मुख्य न्यायाधीश खिलराज रेगमी को नेपाल को नया कार्यवाहक प्रधानमंत्री नियुक्त करने पर नेपाल के सभी प्रमुख राजनीतिक दल सहमत हो गए हैं। हालांकि रेगमी ने इस प्रस्ताव पर अपनी स्वीकृति अभी नहीं दी है।
विज्ञापन


इसमें नेपाली कांग्रेस, यूनिफाइड माओवादी, यूनाइटेड मार्क्सिस्ट लेनिनिस्ट (यूएमएल) और मधेशी गठबंधन वाले नेपाल में नए संविधान और सरकार के लिए सितंबर 2013 में आम चुनाव कराए जाने हैं।

इससे पहले 28 मई 2012 को नेपाल के वर्तमान प्रधानमंत्री बाबूराम भट्टराई ने संविधान सभा को यह कहते हुए भंग कर दिया था कि सभा तय समय सीमा के भीतर अपना काम पूरा नहीं कर पाई है।
विज्ञापन


चार साल की बैठकों और विमर्श के बाद भी नेपाल में संविधान सभा नेपाल के लिए संविधान का प्रारूप सामने नहीं ला पाई थी।

रेगमी तैयार नहीं
नेपाल के प्रमुख राजनीतिक दलों ने जिन खिलराज रेगमी के नाम पर अपनी सहमति जताई है। हालांकि रेगमी ने राजनीतिक दलों के इस प्रस्तवा को अभी स्वीकार नहीं किया है, इसलिए समझा जा रहा है कि उनसे एक बार फिर इसके लिए कहा जाएगा।

बीबीसी नेपाली सेवा के सुरेंद्र फुयाल का कहना है कि राजनीतिक दलों को ये उम्मीद थी कि मुख्य न्यायाधीश इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उनके मुताबिक बुधवार को सभी राजनीतिक दलों के लोग सामूहिक तौर पर उनसे अनुरोध कर सकते हैं।

नेपाल की वाम पार्टियों ने रेगमी के नाम पर इसी शर्त के साथ अपनी सहमति दी है कि वे बतौर कार्यवाहक प्रधानमंत्री मुख्य न्यायाधीश के पद पर नहीं रहेंगे क्योंकि ऐसा नहीं हो सकता कि न्यायपालिका और कार्यपालिका का नेतृत्व एक ही व्यक्ति करे।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें