मालदीव में राष्ट्रपति चुनाव के लगभग अंतिम नतीजे आ गए हैं जिसके अनुसार अब्दुल्ला यामीन ने पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद को परास्त कर दिया है।
चुनाव आयोग का कहना है कि दूसरे दौर के लिए 98 प्रतिशत मतों की गिनती पूरी हो चुकी है जिनमें से अब्दुल्ला यामीन को 51।3 प्रतिशत और मोहम्मद नशीद को 48।6 प्रतिशत मत हासिल हुए हैं।
पहले दौर के मतदान में नशीद को 47 प्रतिशत मत ही मिले थे और वे जीत के आवश्यक 50 प्रतिशत मतों से मामूली अंतर से चूक गए थे। विवाद की स्थिति पैदा होने पर दूसरे दौर का मतदान कराया गया था।
अब्दुल्ला यामीन ने मोहम्मद नशीद को भले ही हरा दिया है, लेकिन उनकी राह आसान नहीं होगी।
अब्दुल्ला यामीन, अब्दुल गय्यूम के सौतेले भाई हैं जिन्होंने मालदीव पर 30 वर्षों तक शासन किया था।
साल 2012 तक नशीद राष्ट्रपति पद पर क़ाबिज़ थे लेकिन उन्हें पद छोड़ने पर विवश कर दिया गया था और वे दोबारा राष्ट्रपति बनना चाह रहे थे।
निवर्तमान राष्ट्रपति मोहम्मद वहीद ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया कि अब केवल चार मत-पेटियों से मतों की गिनती बाकी है, लेकिन इस गिनती से हार-जीत के नतीजे पर असर नहीं पड़ेगा।
मालदीव में इन चुनावों को लेकर कई महीनों से क़ानूनी और राजनीतिक खींचतान चल रही थी जिसकी वजह से विदेशी राजनयिक चिंतित थे।
चुनाव में धांधली के आरोपों के बीच सुप्रीम कोर्ट ने सात सितम्बर के पहले मतदान को रद्द कर दिया था।
फिर दोबारा मतदान 19 अक्तूबर को होना था, लेकिन उसे भी रोकना पड़ा और अंतिम मतदान 9 नवम्बर को कराए जा सके थे।
यूरोपीय यूनियन ने कहा था कि शनिवार को तय कार्यक्रम के मुताबिक चुनाव नहीं हो पाया तो उसे समुचित कदम उठाने होंगे।