दुनियाभर में इस्लामी राज्य स्थापित करने के नाम पर कत्लेआम मचाने वाले आईएसआईएस के आतंकियों की हालत कितनी खराब हो गई है, इसका अंदाजा इन तस्वीरों को देखकर लगाया जा सकता है। महिलाओं की वेशभूषा में नजर आ रहे यह आईएस आतंकी मोसुल में अपनी जान की भीख मांग रहे हैं।
इस महीने की शुरुआत में आतंकी संगठन ने इराक के शहर में कब्जे की अपनी आखिरी कोशिश की, लेकिन अमेरिका और इराक की गठबंधन सेना ने आतंकियों की कमर तोड़कर रख दी। 10 जुलाई को मोसुल आजाद हो गया।
ज्यादातर आतंकी मारे गए हैं, जो जिंदा बचे रह गए, उनकी जान बख्शने के लिए इराकी सेना ने आतंकियों के आगे शर्त रख दी कि वह महिलाओं जैसी वेशभूषा में सामने आएं। फिर क्या था, मौत के खौफ से डरे आतंकियों ने एक से बढ़कर एक रूप धरने की कोशिश की।
एक शख्स ने तो महिलाओं जैसा मेकअप भी किया लेकिन वह शेविंग करना भूल गया। कई ने महिलाओं के अंत:वस्त्र पहने तो कुछ ने बड़े तरीके से लिपिस्टिक लगाई। यह तो साफ नहीं है कि इराकी सेना ने इन्हें छोड़ दिया या नहीं लेकिन आतंकियों को तस्वीरों को सार्वजनिक किया गया है।
कई महीनों तक छिड़ी भीषण लड़ाई
इराक की गठबंधन वाली सेना के लिए मोसुल को वापस आसान नहीं रहा। आईएस आतंकियों को खदेड़ने के लिए कई महीनों तक भीषण लड़ाई छिड़ी। मोसुल इराक का तीसरा सबसे पुराना शहर है। यहां 10 हजार से ज्यादा इमारतें हैं। फिलहाल इनमें से 5 हजार इमारतें बमबारी में ध्वस्त हो चुकी हैं।