आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट का सरगना अबु बकर अल बगदादी मारा जा चुका होता, अगर इराकी सरकार नौकरशाही के विवाद में न पड़ी होती। यह खुलासा एक अखबार ने इराक की एक खुफिया एजेंसी के हवाले से किया है।
द संडे टाइम्स अखबार ने इराक की खुफिया एजेंसी ‘फालकोन सेल्स’ के हवाले से बताया है कि एजेंसी के पास बगदादी की मौजूदगी की पक्की जानकारी थी कि वह अल-काइम शहर के एक नर्सरी स्कूल में मौजूद है।
इसकी जानकारी एजेंसी ने वायु सेना को दे भी दी थी। लेकिन सेना ने कुछ नहीं किया, जबकि मामले में प्रधानमंत्री के हस्तक्षेप करने का इंतजार किया। इससे बगदादी वहां से निकलने में कामयाब हो गया।
बाद में एक घंटे बाद उसके काफिले पर किए गए हमले से वह बच निकलने में सफल हो गया। एजेंसी का कहना है कि अगर स्कूल में ही हमला कर दिया गया होता, तो बगदादी मर चुका होता।