अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में एक आत्मघाती कार बम धमाके में कम से कम 80 लोग मारे गए हैं और कम से कम 350 जख्मी हुए हैं। धमाका जर्मन दूतावास के पास हुआ है। इसी इलाके में सारे विदेश दूतावास हैं। जब लोग दफ़्तरों के लिए निकल रहे थे तभी यह विस्फोट हुआ। जब धमाका हुआ तो धुएं से काबुल के आसमान में अंधेरा छा गया था।
धमाके से 100 मीटर के आसापस वाले घरों को खासा नुकसान पहुंचा है। काबुल में मारे गए लोगों में बीबीसी के एक ड्राइवर मोहम्मद नजीर भी हैं। उनके साथ बीबीसी के उनके चार सहयोगी ही घायल हुए हैं लेकिन वो खतरे से बाहर हैं।
तालिबान ने किया इंकार
अफगान तालिबान ने इस हमले को अंजाम देने से इंकार किया है। हालाँकि अल कायदा पूर्व में ऐसे हमला करता रहा है। बीबीसी फारसी के हारून नजाफिजदा ने काबुल से बताया कि कई लोग घायल हुए हैं और पूरे इलाके को पुलिस ने घेरे रखा है। हाल के महीनों में काबुल में कई धमाके हुए हैं।
इन धमाकों को लेकर पूरे अफगानिस्तान में सुरक्षा से जुड़ी चिंता और गहरी हो गई है। इस महीने की शुरुआत में एक आत्मघाती हमलावर ने नेटो देशों के एक रक्षा दल पर हमला किया था। तब यह दल अमरीकी दूतावास से होकर गुजर रहा था। इस हमले में कम से कम आठ लोग मारे गए थे।