पाकिस्तान के कराची शहर में हुए एक बम धमाके में राष्ट्रपति आसिफ़ अली ज़रदारी के निजी बॉडीगार्ड बिलाल शेख़ समेत तीन लोग मारे गए हैं जबकि 10 से अधिक घायल हो गए हैं।
बिलाल शेख़ बिलावल हाउस की सुरक्षा के कामों को देखते थे। लेकिन आसिफ़ अली ज़रदारी मुल्क के राष्ट्रपति बनने के बाद वो उनके निजी सिक्युरिटी गार्ड के तौर काम करने लगे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उसमान बाजोह का कहना है कि बिलाल शेख़ पुलिस की सुरक्षा में अपने निवास स्थान की तरफ़ जा रहे थे कि उनकी कार को निशाना बनाया गया।
हमला शहर इलाक़े गुरूमंदिर में हुआ।
शव
ज़िला अस्पताल के एक अधिकारी का कहना है कि बिलाल शेख़ का शव वहां पहुंचाया गया है।
धमाके में ज़ख़्मी होने वाले एक सिपाही नासिर का कहना है कि वो फल लेने के लिए गुरूमंदिर पर रूके थे, बिलाल शेख़ ख़ुद तो गाड़ी से नहीं उतरे लेकिन उनकी गाड़ा का दरवाज़ा खुला था।
बीबीसी संवाददाता रियाज़ सुहैल के मुताबिक़ ज़ख़्मी सिपाही ने कहा है कि ये एक आत्मघाती हमला था।
पुलिस के विशेष छानबीन दस्ते के अधीक्षक राजा उमर ने भी घटनास्थल की जांच के बाद शक़ ज़ाहिर किया है कि ये एक आत्मघाती हमला था।