भारत-पाकिस्तान के बीच एलओसी पर काफी समय से तनाब है, जिसकी वजह से दोनों ही देशों के बीच बातचीत तक बंद है। ऐसे में भारत से बातचीत शुरू कराने के लिए पाकिस्तान अपने खास कूटनीतिज्ञ को भारत में हाई कमिश्नर बनाकर भेज रहा है। पाकिस्तान वरिष्ठ राजनयिक सोहेल महमूद को भारत में पाक हाई कमिश्नर के तौर पर अगस्त माह में भेज रहा है और उम्मीद कर रहा है कि वो कुछ करिश्मा कर दें और भारत के साथ रिश्ते सामान्य हो जाएं।
सोहेल महमूद वरिष्ठ राजनयिक हैं और इससे पहले वो तुर्की, थाईलैंड जेसे देशों में पाक हाई कमिश्नर के तौर पर सेवा दे चुके हैं। सोहैल ने तुर्की की अपनी पहली पोस्टिंग में ही बेहद शानदार काम किया। उन्होंने तुर्की के राष्ट्रपति की पाकिस्तान यात्रा कराई और पाक प्रधानमंत्री की तुर्की की यात्रा कराई। उस समय उनका राजनयिक करियर एक दशक भर का भी नहीं था। तुर्की में रहते हुए सोहैल ने पाकिस्तान-तुर्की-चीन रिश्तों पर अच्छा खासा काम किया और पाकिस्तान की तुर्की के साथ रिश्ते को और मजबूत बनाया।
सोहेल महमूद के बारे में माना जाता है कि वो पाकिस्तान को कई विकट परिस्थितियों से निकाल चुके हैं, जिसमें परमाणु परीक्षण के बाद पाकिस्तान पर लगे प्रतिबंधों को हटवाने में महत्वपूर्ण भूमिका शामिल है। अफगानिस्तान में अमेरिकी हमले के दौरान ही पाकिस्तान पर से अमेरिका ने सभी प्रतिबंधों को हटा दिया था और पाकिस्तान को अपने सबसे खास सहयोगियों के तौर पर शामिल किया था। सोहेल महमूद ने तुर्की में रहते कई मामलों में पाकिस्तान की सरकार को तुर्की का पक्ष लेने के लिए मनाया, जिसमें साइप्रस के विवादित हिस्से पर तुर्की के पक्ष का समर्थन करना भी शामिल है। दरअसल, साइप्रस मौजूदा समय में 3 हिस्सों में बंटा हुआ है, जिसमें एक हिस्से पर साइप्रस की सरकार, तो दूसरे हिस्से पर तुर्की का जबरन कब्जा है। इसके अलावा साइप्रस द्वीप पर ब्रिटेन ने भी सैन्य अड्डा बनाया हुआ है।
भारत में पाक के नए हाई कमिश्नर होंगे सोहेल महमूद, बासित की जगह लेंगे
सोहेल महमूद साल 1985 में विदेश सेवा के लिए चुने गए थे और लगातार विदेशी मामलों से संबंधित काम को देखते रहे हैं। वो 1991-1994 तक तुर्की में पाक उच्चायोग की जिम्मेदारी संभालने के अलावा अमेरिका में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल चुके हैं। सोहेल महमूद ने अमेरिका में रहते हुए पाकिस्तान के विदेश संबंधों को लगातार बेहतर किया। खासकर अमेरिका और पश्चिमी देशों के साथ। वो थाईलैंड में 2009-2013 तक पाक कमिश्नर भी रह चुके हैं। सोहेल महमूद पाकिस्तान में विदेश मामलों के मंत्रालय में डीजी भी रह चुके हैं, इसके अलावा भी वो पाकिस्तान के विदेश मामलों के मंत्रालय में कई अहम काम संभाल चुके हैं।
सोहेल के शानदार काम को देखते हुए पाकिस्तान सरकार को उम्मीद है कि वो भारत के साथ संबंधों को बेहतर कर पाएंगे। अब्दुल बासित साल 2014 से पद पर बने हुए हैं और अब सोहेल महमूद उनकी जगह लेंगे। उन्होंने भारत में पाक हाई कमिश्नर बनने की रेस में कई बड़े नामों को पीछे छोड़ा, जिसमें इफ्तिखार अजीज, तसनीम असलम(संयुक्त राष्ट्र मामलों के अतिरिक्त विदेश सचिव) जैसे नाम शामिल हैं।