पाकिस्तानी प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के खिलाफ जांच कर रही सयुंक्त जांच समिति (जेआईटी) ने सुप्रीम कोर्ट के सामने अपनी रिपोर्ट पेश कर दी है। अब सुप्रीम कोर्ट के तीन जजों की पीठ इस रिपोर्ट की जांच करेगी और उसके बाद फैसला आ सकता है। पनामा गेट में पीएम नवाज और उनके परिवार का नाम सामने आने के बाद वे सवालों में घिरे हुए हैं।
इससे पहले नवाज समिति के सामने पेश हुए थे और वहां उन्होंने अपनी वार्षिक आय से जुड़ी सारी जानकारियां दी।
पाकिस्तानी पेपर डॉन की खबर के मुताबिक नवाज कड़े रुख के जरिए विपक्षियों को करारा जवाब दिया। उन्होंने कहा कि मैंने और मेरे परिवार ने जांच में पूरा सहयोग करते हुए सभी फाइनेंसियल जानकारियां जेआईटी मुहैया करा दी है। यहां तक कि इसमें मेरे जन्म से पहले की भी ट्रांसजेक्शन्स भी शामिल हैं।
बता दें कि जेआईटी ने इस मामले में कई मौजूदा एवं पूर्व अधिकारियों की भी जांच की है। उच्चतम न्यायालय के तीन न्यायाधीशों वाली विशेष पीठ में जस्टिस एजाज अफजल, जस्टिस अजमत सईद और जस्टिस इजाहुल अहसन शामिल हैं, जो अंतिम रिपोर्ट की जांच करके आगे का फैसला लेंगे।
पिछले साल पनामा पेपर्स में यह खुलासा किया गया था कि प्रधानमंत्री शरीफ के तीन बच्चों की विदेशों में कंपनियां और संपत्ति हैं, जिन्हें उनके परिवार की संपत्ति के विवरण में दिखाया नहीं गया है। इस संपत्ति में लंदन के पार्क लेन में स्थित चार महंगे फ्लैट भी शामिल हैं।शीर्ष अदालत ने पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ, आवामी मुस्लिम लीग और जमात-ए-इस्लामी की ओर से दायर याचिकाओं पर पिछले साल अक्तूबर में यह मामला उठाया था।