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भारत के मिसाइल प्रोग्राम से घबराए पाकिस्तान ने 35 देशों के सामने लगाई गुहार

Thu, 12 Jan 2017 06:38 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
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agni-4 - फोटो : self
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भारत के परमाणु क्षमता से लैस मिसाइल अग्नि-4 के सफल परीक्षण से पाकिस्तान घबरा गया है। टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक भारत के परीक्षण से पाकिस्तान विचलित हो उठा है और भारतीय मिसाइल कार्यक्रम को शांति के लिए खतरा बताते हुए मिसाइल टेक्नॉलजी कंट्रोल रेजीम में इसपर चिंता जाहिर की है।
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अखबार के मुताबिक पाकिस्तान ने बुधवार को एमटीसीआर में इसपर चिंता जताई है। एमटीसीआर की टीम पाकिस्तान में विदेश मंत्री से मिलने पहुंची थी। इस मुलाकात के बाद विदेश मंत्रालय की तरफ इसे औपचारिक बैठक करार दिया गया जिसमें ग्रुप में जारी टेक्नीकल उपलब्‍धियों पर और राजनैतिक हालातों पर चर्चा हुई।

गौरतलब है कि एमटीसीआर 35 देशों का समूह है। एमटीसीआर का मुख्य उद्देश्य मिसाइलों, संपूर्ण रॉकेट प्रणालियों, मानवरहित विमानों और इससे जुड़ी तकनीक के प्रसार को रोकना है। इसके अलावा एमटीसीआर व्यापक जनसंहार के हथियारों के प्रसार को रोकने का भी काम करता है। पाकिस्तान ने देश में विदेश मंत्रालय के अधिकारियों से मिलने आए एमटीसीआर प्रतिनिधिमंडल से यह चिंता जताई है।
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क्षेत्रिय शांति के लिए खतरा है

पाकिस्तान - फोटो : social media
अखबार के अनुसार पाकिस्तान ने कथित तौर पर प्रतिनिधिमंडल से कहा कि मिसाइल डिफेंस कार्यक्रम और इंटर कॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल्स से क्षेत्रीय शांति और स्थायित्व को खतरा बढ़ा है।

उल्लेखनीय है कि परमाणु हथियारों से लैस बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-5 और अग्नि-4 के सफल परीक्षण के बाद भारत अब मिसाइल क्षेत्र में एक और बड़ी छलांग लगाने की तैयारी में है। भारत अग्नि-6 पर भी काम कर रहा है। यह मिसाइल कई हथियार एक साथ ले जाने में सक्षम होगर और दुश्मन के डिफेंस सिस्टम यानी

एमआईआरवी (मल्टिपल इंडिपेंडेंटली टारगेटेबल री-एंट्री वीइकल्स) को मात देने के लिए तकनीकी रूप से चालाक होगी। वहीं इस मुद्दे पर पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने भारतीय संदर्भ का उल्लेख करते हुए कहा इस तरह की नीतियों से क्षेत्र में शांति को खतरा बढ़ा है। अधिकारी ने कहा, 'पाकिस्तान मानता है कि आपसी बातचीत से दक्षिण एशिया में शांति और स्थायित्व को बढ़ावा दिया जा सकता है।'
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