पाकिस्तान में कुलभूषण जाधव से मुलाकात कर उनकी मां और पत्नी भारत लौट चुकी हैं। भारत सरकार ने इस मुलाकात के तरीकों को लेकर कुछ आपत्तियां जताई थी।
इन आपत्तियों में जाधव की मां और पत्नी के कपड़े बदलवाने से लेकर चूड़ी और बिंदी उतरवाने जैसी बातें शामिल थीं। अब इन आपत्तियों पर पाकिस्तान सरकार की तरफ से पहली प्रतिक्रिया आई है।
पाकिस्तान सरकार ने एक बयान जारी कर कहा, ''जासूस और दोषी आतंकी कुलभूषण जाधव की पत्नी और मां के पाक दौरे के 24 घंटों के भीतर ही भारत की हुकूमत की ओर से लगाए आरोपों को हम पूरी तरह खारिज करते हैं।
हम जुबानी जंग में यकीन नहीं रखते हैं। हमारी पारदर्शिता और खुलापन ऐसे आरोपों को नकारते हैं। अगर ये सब इतना ही तकलीफदायक था तो भारत से आए कुलभूषण के परिवार और अधिकारियों ने इसे तब क्यों नहीं उठाया, जब ये सब हो रहा था या जब मीडिया से बात की गई।
सच तो ये है कि कुलभूषण जाधव की मां ने खुलेतौर पर मीडिया के सामने पाकिस्तान की दरियादिली के लिए शुक्रिया अदा किया। मीडिया ने इसे रिकॉर्ड भी किया। हमें इससे ज्यादा कुछ नहीं कहना।''
भारतीय विदेश मंत्रालय ने जताई थीं क्या आपत्तियां?
भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मंगलवार को कहा कि कुलभूषण जाधव की मां और पत्नी को कपड़े बदलने पर मजबूर किया गया।
अपनी मातृभाषा मराठी में बात नहीं करने दी गई।
कुलभूषण की मां के जूते भी निकलवा लिए और बिना किसी स्पष्टीकरण के वापस नहीं किए गए।
जाधव बातचीत के दौरान पूरी तरह से दबाव में थे।
जाधव जब परिवार से मुलाकात कर रहे थे तो पाकिस्तान के दबाव में उन्होंने अपना कथित गुनाह कबूल किया था।
जाधव की मां और पत्नी से पाकिस्तानी मीडिया ने उटपटांग सवाल पूछे।
भारत सरकार ने आरोप लगाया था कि दोनों देशों के बीच यह करार था कि मीडिया को इनके करीब नहीं पहुंचने देना है। इस पर पाकिस्तान सरकार ने कहा है कि भारत के कहे मुताबिक मीडिया को तय दूरी पर रखा गया था।