पाकिस्तान की एक जेल में बंद भारतीय नागरिक हामिद निहाल अंसारी
पाकिस्तान की एक जेल में बंद भारतीय नागरिक हामिद निहाल अंसारी ने बुधवार को पेशावर हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा कि वह किसी ‘देश विरोधी गतिविधि’ में शामिल नहीं था लिहाजा उसके साथ जासूसों जैसे बर्ताव न किया जाए। अंसारी ने अपनी सजा घटाने की भी मांग की है। एक्सप्रेस ट्रिब्यून के मुताबिक, अंसारी ने अपने वकील काजी मुहम्मद अनवर के जरिए यह याचिका दी है।
याचिका में कहा गया है कि वह पाक में उचित दस्तावेज के बिना घुसने का दोषी है। इसलिए एक लंबी सजा काटने के बाद वह इसे घटाए जाने का हकदार है। पेशावर हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस याहया अफरीदी और जस्टिस एजाज अनवर खान की पीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए पाक के रक्षा और गृह मंत्रालय तथा खैबर पख्तूनख्वा सूबे की सरकार को इस मामले में जवाब देने को कहा है। अंसारी को पाक की सैन्य अदालत ने तीन साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। उसकी सजा 15 दिसंबर, 2015 को शुरू हुई थी और 14 दिसंबर 2018 को खत्म होगी।
लड़की से मिलने पहुंच गया पाकिस्तान ---------
मुंबई के रहने वाले अंसारी को अफगानिस्तान के रास्ते पाक में अवैध तरीके से घुसने के आरोप में 2012 में गिरफ्तार किया गया था। बताया जाता है कि वह कथित तौर पर एक लड़की से मिलने के लिए पाक पहुंचा था। लड़की से उसकी पहचान ऑनलाइन हुई थी। पिछले साल पेशावर जेल में उस पर कुछ कैदियों ने हमला भी कर दिया था। इसमें अंसारी को चोट आई थी।